Publish Date: Sun, 19 Aug 2018 (10:29 IST)
Updated Date: Sun, 19 Aug 2018 (14:56 IST)
तिरुवनंतपुरम। केरल में भारी बाढ़ और भूस्खलन से मची तबाही से लोगों को बचाने का कार्य चल रहा है और इस बीच 10 दिन के बच्चे को बचाने के लिए एक विशेष अभियान चलाए जाने का मामला भी सामने आया है।
अभियान का नेतृत्व करने वाले सेना के अधिकारी ने बताया कि मुंबई तटरक्षक ने इडुक्की बांध में पानी का स्तर बढ़ने की जानकारी देने के लिए फोन किया जिसके बाद उनके दल ने केरल का रुख किया और 4 दिन तक राहत एवं बचाव कार्य किया।
इस दौरान स्थानीय लोगों ने बचाव दल को बताया कि एक महिला, उसका नवजात शिशु और उसके परिवार के 5 सदस्य 4 दिन से बाढ़ में घिरे घर में फंसे हैं। नवजात शिशु को बचाने के लिए इडुक्की बांध के पास ‘ऑपरेशन वॉटर बेबी’ चलाया गया। लेफ्टिनेंट कर्नल शशिकांत वाघमोड ने बताया कि रात करीब 10.30 बजे शुरू किए इस अभियान के लिए सबसे कुशल 6 सदस्यों का चयन किया गया था
स्थानीय पुलिसकर्मियों की मदद से बचावकर्मी उसके मकान तक पहुंचे। उन्होंने कहा कि परिवार बुरी हालत में था। उन्हें नहीं पता था कि कोई उन्हें बचाने के लिए आ रहा है। नवजात शिशु और उसकी मां की चिकित्सीय स्थिति को ध्यान में रखते हुए हमने सूरज निकलने का इंतजार किया और फिर स्थानीय डॉक्टर की मदद से तड़के अभियान फिर शुरू किया गया। अधिकारी ने बताया कि सुरक्षित स्थान पर पहुंचने के बाद महिला ने कहा कि वह अपने बच्चे का सेना में भेजेगी।
उन्होंने बताया कि अभियान के बाद बचावकर्मियों को आराम करने का विकल्प दिया गया था लेकिन उन्होंने चेंगन्नुर की ओर आगे बढ़ते हुए अन्य बचाव अभियान में जुटने का फैसला किया। गौरतलब है कि केरल में भारी बाढ़ से मची तबाही से 8 अगस्त से अभी तक 197 लोगों की जानें जा चुकी हैं। (वार्ता)