Publish Date: Sat, 24 Nov 2018 (10:56 IST)
Updated Date: Sat, 24 Nov 2018 (11:04 IST)
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को उम्मीद जताई कि करतारपुर गलियारा भारत और पाकिस्तान के लोगों के बीच एक सेतु का काम करेगा। प्रधानमंत्री ने बर्लिन की दीवार के गिरने का हवाला देते हुए लोगों से लोगों के संपर्क के महत्व को रेखांकित किया और कहा कि यह गलियारा बेहतर भविष्य की ओर जाएगा।
सिखों के पहले गुरु, गुरु नानक देव के प्रकाश पर्व के अवसर पर प्रधानमंत्री ने विभाजन का जिक्र करते हुए कहा कि 1947 में जो हुआ सो हुआ। दोनों देशों की सरकारों और सेनाओं के बीच मुद्दे बने रहेंगे और सिर्फ समय ही हमें इससे बाहर निकलने का मार्ग दिखाएगा।
जन से जन का संपर्क की मजबूती को रेखांकित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि क्या कभी किसी ने सोचा था कि बर्लिन की दीवार गिरेगी। हो सकता है गुरु नानक देवजी के आशीर्वाद से यह करतारपुर गलियारा महज एक गलियारा नहीं रह जाएगा बल्कि दोनों देशों के लोगों के बीच एक सेतु का काम करेगा।
मोदी, गुरु नानक देव की जयंती के उपलक्ष्य में यहां केंद्रीय खाद्य प्रसंस्करण मंत्री हरसिमरत कौर बादल के आवास पर आयोजित एक कार्यक्रम में बोल रहे थे। कार्यक्रम में शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष एवं पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल तथा दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (डीएसजीएमसी) के अध्यक्ष मंजीत सिंह जीके ने उन्हें सिरोपा भेंट किया और पगड़ी पहनाकर सम्मानित किया।
सिद्धू ने की केंद्र सरकार की तारीफ : पंजाब सरकार के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने केन्द्रीय मंत्री सुषमा स्वराज को पत्र लिखकर करतारपुर साहिब गलियारे के निर्माण के केन्द्र के फैसले की प्रशंसा की। सिद्धू ने पत्र में लिखा कि जैसे ही हमने इस दिशा में अपने कदम बढ़ाए, हमने आस्था और क्षेत्र के लिए प्रेम का एक नया अध्याय लिखा।
सिद्धू ने लिखा कि मैं ईश्वर से प्रार्थना और उम्मीद करता हूं कि यह कार्य निर्विवाद एवं निहित बदलाव के साथ रिश्तों में गर्माहट लाएगा। यह हमारे बीच एक सेतु बनेगा और वैमनस्यता को मिटाकर दोनों पड़ोसी देशों के लिए मरहम का काम करेगा।