Publish Date: Wed, 24 Jun 2020 (16:29 IST)
Updated Date: Wed, 24 Jun 2020 (16:32 IST)
भोपाल। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह ने पिछले 18 दिन से देश में लगातार बढ़ रहे पेट्रोल एवं डीजल के दामों पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा कि उनके लिए कोरोना वायरस आपदा पैसा कमाने का अवसर है।
पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी के विरोध में कांग्रेस द्वारा आयोजित प्रदेशव्यापी प्रदर्शन के तहत यहां रोशनपुरा चौराहे से लिंक रोड स्थित मुख्यमंत्री के वर्तमान निवास तक साइकल यात्रा शुरू करने से पहले दिग्विजय ने मीडिया से कहा कि आज जब जनता कोरोना वायरस के संकट से त्रस्त है, महंगाई बढ़ती जा रही है, लोग भूखों मर रहे हैं, पेट्रोल एवं डीजल पर केंद्र सरकार ने लगातार 18वें दिन आबकारी शुल्क बढ़ाया है।
उन्होंने कहा कि जैसा मोदीजी कहते हैं कि आपदा में अवसर, उनके लिए कोरोना वायरस आपदा में अवसर है, पैसा कमाने के लिए। पेट्रोल एवं डीजल महंगा, हर चीज में भ्रष्टाचार। दिग्विजय ने कहा कि वर्ष 2008 में जब तत्कालीन संप्रग नीत केंद्र सरकार के समय कच्चे तेल का भाव 140 डॉलर प्रति बैरल था और पेट्रोल का भाव लगभग 50 रुपए प्रति लीटर तथा डीजल का भाव 40-42 रुपए प्रति लीटर था, तब भाजपा ने पूरे देश में प्रदर्शन किया था।
उन्होंने कहा कि आज जब कच्चा तेल 40 डॉलर प्रति बैरल है, तब पेट्रोल-डीजल महंगा हो गया है। डीजल 80 रुपए प्रति लीटर हो गया और पेट्रोल की कीमत 80 रुपए प्रति लीटर के पार हो चुकी है। दिग्विजय ने केंद्र सरकार से मांग की कि कच्चे तेल के अंतरराष्ट्रीय दाम कम होने का पूरा फायदा जनता को दिया जाए।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को केंद्रीय आबकारी शुल्क कम करना चाहिए। दिग्विजय ने दावा किया कि जबसे मोदीजी आए हैं, तब से डीजल एवं पेट्रोल पर 34 रुपया ज्यादा आबकारी शुल्क लगने लगा है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2008 में शिवराज सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री रहते हुए पेट्रोल एवं डीजल की कीमतों पर तत्कालीन संप्रग नीत केंद्र सरकार के खिलाफ मुख्यमंत्री निवास से मंत्रालय तक साइकल निकालकर नौटंकी की थी। अगर उनमें हिम्मत है तो मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार के खिलाफ हमारे साथ साइकल पर चलें। हम उनके साथ मंत्रालय जाने के लिए तैयार हैं।
वहीं भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं मध्यप्रदेश के गृह, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा किपेट्रोल एवं डीजल पर प्रदर्शन कर कांग्रेस जनता का ध्यान बांटना चाह रही है। यह उनका राजनीतिक ड्रामा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2018 में मध्यप्रदेश में हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने अपने घोषणापत्र में पेट्रोल एवं डीजल के दाम 5 रुपए कम करने को कहा था, लेकिन प्रदेश में सरकार बनने पर उन्होंने (तत्कालीन कमलनाथ सरकार ने) 2 रुपए बढ़ा दिए।
मिश्रा ने कहा कि बढ़े हुए इस पैसे को वे आईफा अवॉर्ड समारोह पर खर्च कर रहे थे। वहीं अगर हम बढ़ाते हैं तो हम कोरोना वायरस पर खर्च करते हैं। (भाषा)