Hanuman Chalisa

हिंदी गज़ल: बिन तेरे कोई ज़िन्दगानी नहीं है

डॉ. अंजना चक्रपाणि मिश्र
हो सबसे बेहतर मिरे लिए ,तिरा कोई सानी नहीं है ।
सुन मिरे अमीर !तिरे ज़ज्बातों का तर्जुमानी नहीं है !
चाहे हो बहार-ए-फ़िज़ा या फिर  ख़ुश्क खिज़ां का झड़ता मौसम ,
ऐसे ख़ुशपाश रक्खे मुझे, तिरे जैसा कोई दिलवर-ए-जानी नहीं है !
बिन बोले यूँ चुटकियों में पूरी करता तू मेरी ख्वाहिशें,
घूमे ये दिल आस-पास, बिन तेरे कोई ज़िन्दगानी नहीं है !
ज़मी पर ख़ुदा ने बना भेजा है, तुझे रहनुमा मिरा,
जैसे क़दर करे तू मिरी, वैसी कोई निगहबानी नहीं है !
मिरे लिए छलकती हुई आँखों में तिरा प्यार देखा है,
रूहानी हक़ीक़त है ये,फ़साना या कोई कहानी नहीं है !
 
स्वयं मैं ही-
डॉ.अंजना चक्रपाणि मिश्र
इंदौर,मध्यप्रदेश

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

जरुर पढ़ें

गर्मी में बेहतरीन स्वादिष्‍ट आम रस कैसे बनाएं, पढ़ें स्टेप बाय स्टेप विधि और खास कुकिंग टिप्स

B. R. Ambedkar Essay: बाबासाहेब अंबेडकर पर हिन्दी में आदर्श निबंध

मधुमेह रोगियों को नारियल पानी कब पीना चाहिए?

तपती गर्मी से राहत देगा आम का पन्ना, नोट करें विधि

घर पर बनाएं कीवी आइसक्रीम, जानिए इस सुपरफ्रूट के 6 हेल्दी फायदे

सभी देखें

नवीनतम

अमेरिका का आर्तेमिस 2 चंद्र मिशन, जब पृथ्‍वी पीछे छूटती जा रही थी

इंदौर के महेश गनोकर पहुंचे अमेरिका के चुनावी मैदान में, जानें पूरी कहानी

Jyotiba Phule: ज्योतिबा फुले कौन थे, सामाजिक सुधार में उनका क्या योगदान था?

Guru Arjun Dev Ji: गुरु अर्जन देव जी का इतिहास क्या है?

लाइन…हमारी महान परंपरा है, यह अनुशासन और धैर्य सिखाती है

अगला लेख