Publish Date: Sat, 05 Feb 2022 (11:27 IST)
Updated Date: Sat, 05 Feb 2022 (11:29 IST)
कोरोना महामारी का दौर अभी खत्म नहीं हुआ है। कहीं आंकड़े बढ़ रहे हैं तो कहीं आंकड़ें कम होते नजर आ रहे हैं। लेकिन सावधानी अभी भी पूरी तरह से बरतने की जरूरत है। जी हां, कोविड के लगातार आ रहे नए वैरिएंट पर वैज्ञानिकों को नए सिरे से जांच प्रक्रिया शुरू करना होती है। ऐसे में कोविड से अभी भी सावधानी बरतने की जरूरत है। डबल डोज या बूस्टर डोज वैक्सीनेटेड लोग भी कोविड की चपेट में आ रहे हैं। अभी तक डेल्टा, अल्फा, बीटा जैसे नाम जुड़ गए है। वहीं ओमिक्रॉन और अब उसके साथ ओमिक्रॉन का सब वैरिएंट BA.2 भी तेजी से फैल रहा है।
WHO के मुताबिक, अफ्रीका के 5 देशों में ओमिक्रॉन के सबवैरिएंट फैल चुका है। तेजी से इस वैरिएंट के मामले फैल रहे हैं। देखा जाए तो डेनमार्क में ओमक्रॉन के सब वैरिएंट के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं।
WHO की वैज्ञानिक Nicksy gumede-Moeletsi ने कहा कि, ओमिक्रॉन के सब वैरिएंट की पहचान करना मुश्किल हो रहा है।क्योकि उसमें 5 जेन नहीं मिले। जिस वजह से पीसीआर टेस्ट करना जरूरी है। लेकिन इसकी जांच में अधिक समय लेगा। हालांकि विशेषज्ञों कायह भी कहना है कि यह तेजी से जरूर फैल रहा है लेकिन जिन्होंने वैक्सीन की दोनों खुराक नहीं लगवाई है उनके लिए अधिक खतरनाक साबित हो रहा है।
इससे बचाव के लिए कोविड नियमों का पालन करना जरूरी है। कोविड के नए म्यूटेशन कब तक रहेंगे इसे लेकर वैज्ञानिक भी निश्चित नहीं है।