Publish Date: Fri, 29 May 2020 (11:47 IST)
Updated Date: Fri, 29 May 2020 (11:55 IST)
मुंबई। महाराष्ट्र पुलिस की साइबर शाखा ने उन लोगों का पता लगा लिया है जिन्होंने सोशल मीडिया पर यह अफवाह उड़ाई थी कि मुंबई और पुणे में कोरोना वायरस संक्रमण की अधिकता वाले क्षेत्रों में सेना की तैनाती होगी।
संक्रमण को रोकने के लिए लागू बंद के बीच कुछ दिन पहले शरारती तत्वों ने सोशल मीडिया पर कोविड-19 प्रभावित मुंबई और पुणे के क्षेत्रों में सेना की तैनाती की व्यापक स्तर पर अफवाह उड़ाकर लोगों में हड़कंप मचा दिया था। महाराष्ट्र के ये दोनों ही शहर कोरोना वायरस संक्रमण से काफी प्रभावित हैं।
राज्य सरकार ने तुरंत ही इसे खारिज किया था और साइबर पुलिस ने इस तरह के संदेशों के स्रोत का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी थी।
मुंबई पुलिस ने भी अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से इन संदेशों को फर्जी बताया था और लोगों से अपील की थी कि वह इस पर विश्वास न करें और ऐसे संदेशों को अन्य लोगों के पास न भेजें जिससे इसका क्रम टूट सके।
एक अधिकारी ने बताया कि जांच के दौरान साइबर शाखा इस तरह के फर्जी संदेश लिखने और इसे फैलाने वालों का पता लगाने में सक्षम रही। उन्होंने कहा कि इन लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अधिकारी ने कहा, 'लोगों में घबराहट और उथल-पुथल पैदा करने के लिए जो सोशल मीडिया पर इस तरह की फर्जी बातें और बिना पुष्टि वाले समाचार साझा करते हैं, उन्हें प्रशासन की तरफ से कड़ी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा।'
उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस संक्रमण को नियंत्रित करने के लिए मार्च के अंत से लागू बंद से अब तक महाराष्ट्र साइबर पुलिस ने ऑनलाइन अफवाह, फर्जी समाचार, गलत जानकारी और घृणा फैलाने वालों के खिलाफ 439 मामले दर्ज किए हैं और 238 लोगों को गिरफ्तार किया है।
अधिकारी ने बताया कि कम से कम 183 अपराध आपत्तिजनक व्हाट्सएप पोस्टों को आगे बढ़ाने तथा इस तरह के संदेशों को फेसबुक पर शेयर करने के लिए अन्य 173 मामले दर्ज हुए हैं। (भाषा)