Publish Date: Fri, 31 Aug 2018 (22:11 IST)
Updated Date: Sat, 01 Sep 2018 (00:26 IST)
मुंबई। अभिनेत्री सोनम कपूर का मानना है कि अच्छा साहित्य फिल्मों का मेरूदंड होता है और लेखकों को उपयुक्त स्थान दिया जाना चाहिए।
अपने शुरुआती करियर में जेन ऑस्टिन के उपन्यास 'एम्मा' से प्रेरित फिल्म 'आयशा' में अभिनय कर चुकीं और जियो मामी उत्सव की 'वर्ड टू स्क्रीन' पहल के लिए नामित ब्रांड एम्बेसेडर सोनम ने कहा कि वे हमेशा अच्छी पुस्तकों पर फिल्म बनाने के पक्ष में रही हैं और 'वर्ड टू स्क्रीन' पहल अच्छी कथावस्तु ढूंढ रहे लोगों के लिए बड़ा मंच साबित हो सकता है।
उन्होंने कहा कि उम्मीद है कि हम कथावस्तु को सर्वाधिक महत्व दे सकते हैं। लेखक रॉकस्टार हैं। आमतौर पर तकनीशियनों को उचित श्रेय नहीं दिया जाता है, क्योंकि जब आप दृश्य के पीछे होते हैं तो आप लोगों की नजर से दूर होते हैं। लेखक किसी भी फिल्म की रीढ़ होते हैं और उन्हें उचित सम्मान मिलना चाहिए।
सोनम और उनकी बहन प्रोड्यूसर रिया कपूर ने 2 पुस्तकों- 'बैटल फोर बिट्टोरा' और 'गोविंदा' के सभी अधिकार खरीदे हैं।