Publish Date: Wed, 03 Oct 2018 (14:51 IST)
Updated Date: Wed, 03 Oct 2018 (15:37 IST)
ये बात सब जानते हैं कि भारत के स्वाधीनता संग्राम में हिस्सा लेने से पहले महात्मा गांधी दक्षिण अफ़्रीका में वकालत कर रहे थे।
वहीं उन्होंने अहिंसा और सत्याग्रह के विचारों को समझा और परखा। वहाँ 21 साल बिताने के बाद गांधी 1914 में भारत लौट आए। मगर ये बात बहुत कम लोगों को पता है कि उनके घर के कई लोग दक्षिण अफ़्रीका में ही रूक गए जिनमें उनके दूसरे बेटे मणिलाल गांधी भी शामिल थे।
अब महात्मा गांधी की पांचवीं पीढ़ी के सदस्य दक्षिण अफ़्रीका के कई शहरों में बसे हैं। बीबीसी संवाददाता ज़ुबैर अहमद ने गांधी परिवार की पांचवीं पीढ़ी के ऐसे ही कुछ सदस्यों से डरबन में मुलाक़ात की।