Hanuman Chalisa

आज से शनि की वक्री चाल : प्रकोप से बचने के लिए 12 राशियों के 12 उपाय

अनिरुद्ध जोशी
मंगलवार, 12 जुलाई 2022 (16:35 IST)
Saturn transit 2022 in Capricorn : 12 जुलाई 2022 मंगलवार से शनि ग्रह कुंभ राशि ने निकलकर मकर राशि में वक्री गोचर करने लगा है। फिर 23 अक्टूबर, 2022 को इसी राशि में मार्गी हो जाएगा। आओ जानते हैं शनि के वक्र दृष्टि के प्रकोप से बचने के लिए सभी 12 राशियों के लिए 12 उपाय।
 
मेष : जब तक गुरु वक्री है तब तक शनिवार के दिन शनि मंदिर में जाकर काली दाल दान करें।
 
वृषभ : शयन करते समय अपने सिरहाने नीलम रखकर सोएं। निलम न हो तो उसका कोई उपरत्न रखकर सोएं।
 
मिथुन : शनिवार के दिन किसी भैरव मंदिर में मदिरा या शनि मंदिर में तेल का दान करें और मदिरा और मांसाहार से परहेज करें।
 
कर्क : नित्य शिवलिंग का जलाभिषेक करें और उन पर बिल्वपत्र चढ़ाएं।
 
सिंह : शनिवार के दिन शनि की काली वस्तुएं दान करें और काले वस्त्र पहनने से परहेज करें।
 
कन्या : मन जिस कार्य को करने की सोच रखी है उसे तुरंत ही कर लें, टालें नहीं।
 
तुला : शनिवार के दिन काले, जामुनी, कत्थई, गहरे नीले रंग के और चमकीले वस्त्र न पहनें।
 
वृश्‍चिक : शनिवार के दिन व्रत रखें और हनुमान चालीसा का पाठ करें।
 
धनु : प्रतिदिन 9 बार हनुमान चालीसा का पाठ करें और हनुमानजी की पूजा करें।
 
मकर : मंगल और शनिवार के दिन हनुमान को सिंदूर अर्पित करें।
 
कुंभ : शनिवार की संध्या के समय गरीब, मजदूर या जरूतमंदों को सरसों का तेल और काली दाल का दान करें।
 
मीन : संध्यावंदन के समय एक माला शनि मंत्र "ॐ शं शनैश्चराय नमः" का जाप करें।

सभी राशियों के लिए कॉमन उपाय : 
 
उपाय :
1. शनिग्रह के दुष्प्रभाव से बचने के लिए सर्वप्रथम हनुमानजी की पूजा करें और फिर भगवान भैरव की उपासना करें। 
2. शनि की शांति के लिए महामृत्युंजय मंत्र का जप भी कर सकते हैं।
3. तिल, उड़द, भैंस, लोहा, तेल, काला वस्त्र, काली गौ, और जूता दान देना चाहिए।
4. कौवे को प्रतिदिन रोटी खिलावे। छायादान करें, अर्थात कटोरी में थोड़ा-सा सरसो का तेल लेकर अपना चेहरा देखकर शनि मंदिर में अपने पापों की क्षमा माँगते हुए रख आएं। 
5. दांत साफ रखें। नशा न करें। पेट साफ रखें। अंधे-अपंगों, सेवकों और सफाईकर्मियों से अच्छा व्यवहार रखें।
 
लाल किताब में शनि ग्रह के उपाय :
1. लाल किताब के अनुसार शनि ग्रह को शुभ करने के लिए सर्वप्रथम भगवान भैरव की उपासना करें।
2. भैरव महाराज को कच्चा दूध चढ़ाएं।
3. भैरव महाराज के समक्ष शराब छोड़कर उन्हें शराब अर्पित करने से भी शनि के शुभ प्रभाव प्रारंभ हो जाते हैं।
4. कौवे या कुत्ते को प्रतिदिन रोटी खिलाने, 
5. छाया दान करने और अंधे-अपंगों, सेवकों और सफाईकर्मियों से अच्छा व्यवहार रखकर उन्हें दान करने से भी शनि ग्रह के शुभ प्रभाव प्रारंभ हो जाते हैं।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

ज़रूर पढ़ें

साल में 2 बार क्यों आता है खरमास? जानिए मलमास, अधिकमास और पुरुषोत्तम मास का रहस्य

अधिक मास कब से कब तक? इस पवित्र महीने में करें ये 5 शुभ काम, खुल सकता है भाग्य

क्या आपके मोबाइल नंबर का अंतिम अंक आपके लिए शुभ है ?

नर्मदा के निमाड़ी अंचल में बसा 'विमलेश्वर तीर्थ'

हिंदू पुराण, ज्योतिष, नास्त्रेदमस, बाबा वेंगा और भविष्‍य मालिका की 6 कॉमन भविष्यवाणियां

सभी देखें

नवीनतम

02 April Birthday: आपको 2 अप्रैल, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 2 अप्रैल 2026: गुरुवार का पंचांग और शुभ समय

कष्टों से मुक्ति चाहिए? हनुमान जयंती के दिन कर लें ये 3 गुप्त उपाय, बजरंगबली तुरंत सुनेंगे पुकार

हनुमान जयंती 2026: इस दिन ऐसे करें बजरंगबली की पूजा, उपाय से दूर होंगे शनि-मंगल के सभी कष्ट

Chaitra Purnima 2026: चैत्र पूर्णिमा कब है क्या महत्व है इस दिन का और क्या करें इस दिन?

अगला लेख