Hanuman Chalisa

दिवाली पर बाजारों में छाई मिट्टी की सौंधी सुगंध, स्थानीय सजावटी सामान की धूम

हिमा अग्रवाल
गुरुवार, 12 नवंबर 2020 (12:30 IST)
लखनऊ। उत्तरप्रदेश में दीपावली के मौके पर इस बार बाजार में मिट्‍टी के सजावटी सामान की धूम मची हुई है। लोगों में इन्हें खरीदने के लिए भी खासा आकर्षण है। मूर्तियों के साथ ही मिट्‍टी के लैंप, मुखौटे आदि लोगों की पसंद बने हुए हैं।
 
लखनऊ, मेरठ समेत यूपी के प्रमुख शहरों में लोगों ने चायनीज सामान को बाय-बाय करते हुए देश में निर्मित चीजों को तरजीह दी है, बाजारों में मिट्टी की बंदनवार, दीये, लक्ष्मी-गणेश और गिफ्ट आइटम्स देखने के लिए मिल रहे हैं। 
 
दीपोत्सव हो या कोई खास आयोजन, सजावट को लेकर आम लोगों की सोच पूरी तरह बदल गई है। कुछ समय पहले तक भारी-भरकम सामान से घरों में इंटीरियर डेकोरेशन हो रही थी, लेकिन अब देखने में आ रहा की घरों को सजाने के शौकीन मिट्टी के डिजाइनर सामान से घर-आंगन, बालकनी और बगीचों को सजाना पसंद कर रहे है।
 
दीपावली पर स्वदेशी वस्तुओं से बाजार पटा हुआ है। घर को अलग से लुक देने के लिए कोई मिट्टी का लैंप पसंद कर रहा है तो कोई, तबला, मुखौटे, स्टूल या विभिन्न प्रकार की आकृतियां। इस तरह सजे बाजार को देखने से लग रहा है कि शिल्पकारों को एक बाजार मिल गया है और उनकी दीपावली भी आर्थिक रूप से उन्नत होगी।
 
मिट्टी निर्मित कलाकृतियों को कलकत्ता, गुजरात और गोरखपुर से मंगाया है। जिसमें तबला, बांसुरी वादक, सांरगी वादक, मुखौटे शामिल हैं। सजावटी सामान में मिट्टी से बनी रंग-बिरंगी तोरण, बंदनवार, कंडील और लैंप विशेष तौर पर खरीदे जा रहे हैं। इससे अलग कागज से बने रंग-बिरंगे फूल, मोतियों के लहराते लैंप, लाल, नीली-पीली कंडील आदि लोगों को भा रहे हैं। 
 
खरीदारों का कहना है कि मिट्टी का बना सामान इकोफ्रेंडली और सस्ता है। हमें अपने देश में बनी वस्तुओं को प्रमोट करना चाहिए। इसलिए हमने देश को प्राथमिकता देते हुए चायनीज सामान से दूरी बना ली है। वहीं विक्रेताओं का कहना है कि देश में सजावट का सामान 60 रूपये से लेकर दो हजार तक की रेंज में उपलब्ध है। उपभोक्ता अपनी जेब के हिसाब से दीपावली पर खरीदारी कर सकता है।
 
ज्योति पर्व के बहाने देश की माटी की महक का आदान-प्रदान भी गिफ्ट के तौर पर किया जा रहा है। देशवासियों में स्वदेशी प्रेम को देखकर लग रहा है कि दम तोड़ चुके कुटीर उद्योग एक बार फिर से जीवित हो उठेंगे।

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

E20 पेट्रोल से इंजन खराब हुआ तो क्या इंश्योरेंस क्लेम मिलेगा? सरकार ने बताई सचाई, क्या बोलीं बीमा कंपनियां

20,000 के बजट में ये हैं जून 2026 के टॉप 3 बेस्ट स्मार्टफोन्स, 7000mAh बैटरी और गेमिंग प्रोसेसर का धांसू कॉम्बो

Tata Sierra EV vs Toyota Ebella: 500km से ज्यादा माइलेज वाली दो धाकड़ इलेक्ट्रिक SUVs में महामुकाबला, जानें लॉन्च डेट और कीमत!

नागौद राजघराने में साहब, बीवी और सौतन — हवस, धोखे और खून से सनी राजसी दास्तान

राम नाम की लूट... 'अयोध्या कांड' से पूरा देश हिला, SIT जांच के बीच चंपत राय बीमार, नृपेन्द्र मिश्रा गायब

सभी देखें

नवीनतम

प्रदेश के हर जिले में विकसित होगा एक प्रमुख गो आधारित उद्योग

योगी सरकार की नीतियों से बदली प्रदेश की तस्वीर, यूपी बना महिला एवं आर्थिक सशक्तीकरण का मॉडल

16 महीने बाद PM मोदी और ट्रंप आमने-सामने, G7 Summit 2026 में क्या गले मिले दोनों नेता, किस मुद्दे पर हुई बात

MPL T20I League: जबलपुर रॉयल लायंस ने भोपाल लेपर्ड्स को 5 विकेटों से हराया

लर्निंग गैप खत्म करने के लिए योगी सरकार शुरू करेगी प्रदेशव्यापी ‘कैच-अप शिक्षण अभियान’

अगला लेख