श्रावण के प्रथम दिन बाबा विश्वनाथ के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब
काशी 'बोल बम' और 'हर-हर महादेव' के जयघोष से रही गुंजायमान
Publish Date: Thu, 30 Jul 2026 (16:53 IST)
Updated Date: Thu, 30 Jul 2026 (20:57 IST)
Kashi Vishwanath Temple: श्रावण मास के प्रथम दिन श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। मंगला आरती के बाद जैसे ही मंदिर के कपाट खुले, पूरी काशी 'हर-हर महादेव' के जयघोष से गूंज उठी। शिवभक्तों के स्वागत के लिए मंदिर परिसर में रेड कार्पेट बिछाया गया था। बाबा के दर्शन के लिए बुधवार देर रात से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गई थीं। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए योगी सरकार के निर्देश पर श्री काशी विश्वनाथ धाम में सुरक्षा और सुविधाओं के व्यापक एवं पुख्ता इंतजाम किए गए थे।
जलाभिषेक के लिए देर रात से ही काशी पहुंचने लगे थे शिवभक्त
सावन के प्रथम दिन ही काशी के शिवालयों में शिवभक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। पूरी काशी 'बोल बम' और 'हर-हर महादेव' के जयघोष से गुंजायमान रही। बाबा विश्वनाथ के जलाभिषेक के लिए कांवड़िये देर रात से ही काशी पहुंचने लगे थे। लाइन में लगे श्रद्धालुओं के हाथों में बेलपत्र, मदार की माला, गंगाजल तथा बाबा विश्वनाथ को अर्पित की जाने वाली उनकी प्रिय पूजन सामग्री दिखाई दे रही थी।
बिहार से आए कांवड़िए दुर्गेश ने बताया कि योगी सरकार ने पूरे मार्ग पर सुरक्षा, साफ-सफाई और शिविरों में ठहरने सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं की बेहतर व्यवस्था की है। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मी हर जगह तैनात हैं और श्रद्धालुओं की हर संभव सहायता कर रहे हैं। कांवड़ियों की सुरक्षित एवं सुगम यात्रा के लिए प्रयागराज-वाराणसी मार्ग का एक लेन सुरक्षित रखा गया है। इसके अलावा पूरे कांवड़ मार्ग पर सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल और पीआरवी वाहनों की तैनाती की गई है।
काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास के मुख्य कार्यपालक अधिकारी विश्व भूषण मिश्रा ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुविधा एवं सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास द्वारा धाम परिसर एवं आसपास के समस्त क्षेत्रों में व्यापक एवं समुचित व्यवस्थाएं की गई हैं। दर्शन व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए सभी प्रवेश एवं निकास मार्गों पर प्रशिक्षित कार्मिकों की तैनाती की गई है तथा श्रद्धालुओं को कतारबद्ध एवं सहज दर्शन उपलब्ध कराने हेतु आवश्यक प्रबंध किए गए हैं।
चिकित्सकीय सुविधा, एम्बुलेंस, प्राथमिक उपचार, चिकित्सक एवं पैरामेडिकल स्टाफ की उपलब्धता है। इसके अतिरिक्त विभिन्न स्थानों पर शुद्ध पेयजल, ग्लूकोज, ओ.आर.एस., विश्राम एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।