Publish Date: Wed, 13 Apr 2022 (15:09 IST)
Updated Date: Wed, 13 Apr 2022 (15:14 IST)
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकारी दफ्तरों में अधिकारियों तथा कर्मचारियों के देर से पहुंचने पर उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के निर्देश बुधवार को दिए।
मुख्यमंत्री ने यहां वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में कहा कि सरकारी कार्यालयों में हर अधिकारी और कर्मचारी की समय से उपस्थिति सुनिश्चित की जाए। लेट लतीफी कतई स्वीकार नहीं की जाएगी। वरिष्ठ अधिकारी कार्यालयों का लगातार औचक निरीक्षण करें। लापरवाह, लेटलतीफ अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि आमजन की शिकायतों का त्वरित संज्ञान लेते हुए निस्तारण किया जाए। हर कार्यालय में सिटीजन चार्टर को प्रभावी रूप से लागू किया जाए। किसी भी कार्यालय में कोई फाइल तीन दिनों से अधिक लंबित न रहे। देरी होने पर जवाबदेही तय की जाए।
योगी ने प्रदेश में नियमविरुद्ध संचालित अथवा अधोमानक वाले नर्सिंग कॉलेजों को चिह्नित कर उनके संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज कर कठोरतम कार्रवाई के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि बिना मान्यता के कॉलेज संचालन युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करना है, ऐसी हर जानकारी अथवा शिकायत को पूरी गंभीरता से लेते हुए तत्परता से कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री ने गेहूं की सरकारी खरीद को बेहतर बनाने के लिए क्रय केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि हर किसान को न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ मिले, हर हाल में किसान को उसके गेहूं का भुगतान तय समय-सीमा के भीतर हो जाना चाहिए।
योगी ने सीमावर्ती कुछ राज्यों में कोविड के नये मामलों में बढोतरी का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसे में सरहदी जिलों में विशेष सतर्कता बरती जाए। (भाषा)