Biodata Maker

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

सेंसेक्स 333 अंक उछला, लगातार छठे दिन तेजी

Advertiesment
Bombay Stock Exchange
Share Market Update : कमजोर वैश्विक संकेतों के बावजूद एचडीएफसी बैंक, एलएंडटी और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसी दिग्गज कंपनियों में खरीदारी आने से शुक्रवार को स्थानीय शेयर बाजार लगातार छठे कारोबारी सत्र में बढ़त के साथ बंद हुए। सेंसेक्स 333.35 अंक चढ़कर 66598.91 पर बंद हुआ, वहीं निफ्टी भी 92.90 अंक बढ़कर 19819.95 पर बंद हुआ।
 
बीएसई का 30 शेयरों पर आधारित सूचकांक सेंसेक्स 333.35 अंक यानी 0.50 प्रतिशत बढ़कर 66,598.91 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 501.36 अंक यानी 0.75 प्रतिशत तक चढ़कर 66,766.92 पर पहुंच गया था। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) का सूचकांक निफ्टी भी 92.90 अंक यानी 0.47 प्रतिशत बढ़कर 19,819.95 पर बंद हुआ।
 
इस तरह दोनों मानक सूचकांक लगातार छठे कारोबारी सत्र में बढ़त लेकर बंद हुए। इन छह सत्रों में निफ्टी 473 अंक यानी तीन प्रतिशत चढ़ा है, जबकि सेंसेक्स में 1,434 अंक यानी 2.41 प्रतिशत की तेजी रही है। सेंसेक्स के शेयरों में एनटीपीसी, टाटा मोटर्स, लार्सन एंड टुब्रो, बजाज फिनसर्व, भारती एयरटेल, एचडीएफसी बैंक, रिलायंस इंडस्ट्रीज, टाइटन, पावर ग्रिड और भारतीय स्टेट बैंक प्रमुख रूप से बढ़े।
 
दूसरी ओर आईटीसी, अल्ट्राटेक सीमेंट, टेक महिंद्रा, टाटा स्टील, विप्रो, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज और जेएसडब्ल्यू स्टील में गिरावट दर्ज की गई। समूचे कारोबारी सप्ताह में सेंसेक्स 878.4 अंक यानी 1.34 प्रतिशत चढ़ा, जबकि निफ्टी में 384.65 अंक यानी 1.97 प्रतिशत की तेजी हुई।
 
एलकेपी सिक्योरिटीज के शोध प्रमुख एस रंगनाथन ने कहा, 'जी20 शिखर सम्मेलन से पहले बैंक निफ्टी के साथ ही सार्वजनिक कंपनियों और अवसंरचना शेयरों में अच्छी तेजी से उत्साहित होकर सेंसेक्स रिकॉर्ड ऊंचाई से कुछ प्रतिशत अंक ही दूर रह गया है।
 
रंगनाथन ने कहा कि कमजोर मानसून के बावजूद बाजार आशावादी है, क्योंकि सभी क्षेत्रों के सार्वजनिक उपक्रमों के शेयरों में निवेशकों की सकारात्मक रुचि देखी गई। आरबीआई के वृद्धिशील सीआरआर को चरणबद्ध तरीके से वापस लेने की घोषणा के बाद बैकिंग शेयरों में तेजी आई। व्यापक बाजार में बीएसई मिडकैप सूचकांक 0.92 प्रतिशत की बढ़त पर रहा, जबकि स्मालकैप सूचकांक में 0.43 प्रतिशत की तेजी रही।
 
जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा कि अमेरिका में अगस्त के बेरोजगारी के आंकड़ों से वैश्विक बाजार लड़खड़ा गए। इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया में हड़ताल के कारण गैस की कीमतों में वृद्धि से आगे मंदी की स्थिति पैदा होती दिख रही है। उन्होंने कहा कि हालांकि घरेलू बाजार ने वैश्विक संकट के संकेतों से बेपरवाह होकर एक बार फिर लचीलापन दिखाया और तेजी दर्ज की।
 
व्यापक बाजारों में बीएसई मिडकैप सूचकांक 0.92 प्रतिशत और स्मॉलकैप सूचकांक 0.43 प्रतिशत बढ़ा। एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग नुकसान में रहे। यूरोपीय बाजार लाभ के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजार बुधवार को नुकसान के साथ बंद हुए थे।
 
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.07 प्रतिशत चढ़कर 89.98 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल के भाव पर था। शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने गुरुवार को शुद्ध रूप से 758.55 करोड़ रुपए के शेयरों की बिकवाली की।
Edited By : Chetan Gour (भाषा)

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

Bypoll election results : उपचुनाव में NDA पर भारी पड़ा INDIA, 7 में से 4 सीटें जीतीं




Hanuman Chalisa In Hindi
Hanuman Chalisa In Hindi