sundarkand

धर्मरक्षार्थ हजारों लोग बनेंगे 'खूनी नागा'

Webdunia
उज्जैन। इस महाकुंभ मे 7 शैव और 3 वैष्णव अखाड़ों द्वारा उनके हजारों साधुओं को नागा बनाने की प्रक्रिया शुरु हो गई है। इन नागाओं को 'खूनी नागा' के नाम से जाना जाएगा। दरअसल, सबसे पहले जब कोई नागा बनता हैं तो उसे खूनी नागा के नाम से संबोधित किया जाता हैं।
अखाड़ों के नियमानुसार जब भी किसी को नागा साधु बनाया जाता है तो उन्हें सिर्फ हरिद्वार और उज्जैन में होने वाले कुंभ में ही नागा साधु की दीक्षा दी जाती हैं। जब हरिद्वार के कुंभ में किसी को नागा साधु की दीक्षा दी जाती है तो उन नागा साधु को बर्फानी नागा ने नाम से संबोधित किया जाता हैं और जब यही प्रक्रिया उज्जैन के कुंभ में संपन्न होती हैं तब उन्हें खूनी नागा के नाम से जाना जाता है, जिसका तात्पर्य ये है की ऐसे नागा साधु जो धर्म की रक्षा के लिए अपने खून को बहाने में कभी भी पीछे नहीं हटेंगे। ऐसे नागा साधु को एक सैनिक की तरह तैयार किया जाता हैं।

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

धर्म संसार

11 September Birthday: आपको 11 सितंबर, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (11 सितंबर, 2026)

11 सितंबर 1893: जब भारत के शाश्वत दर्शन ने विश्व को गुंजायमान किया

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 11 सितंबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

2027 की भविष्यवाणी: सत्ता परिवर्तन से सोने-चांदी के भाव तक, जानें कैसा रहेगा नया साल