rashifal-2026

सावन 2020 : इस बार कब है शिव का पावन मास, जानिए महत्व

Webdunia
shravan 2020


सावन का पवित्र माह भगवान भोले शंकर का होता है। इस महीने में शिवशंकर की आराधना-अर्चना करने से सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। 
 
सावन माह को मनोकामनाएं पूरा करने वाला महीना कहा जाता है। यह मास इतना पवित्र होता है, कि इसे सभी माह में उत्तम माना गया है...
 
सावन महीने की शुरुआत कब 
 
इस बार सावन महीने की शुरुआत 6 जुलाई 2020 से हो रही है और इसका समापन 3 अगस्त 2020 को होगा। 
 
महत्व और संयोग
 
धार्मिक कथाओं के अनुसार मां पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में पाने के लिए सावन के महीने में कठोर तप किया था।
 
इस बार सावन के महीने में विशेष संयोग बन रहा है। 6 जुलाई से शुरू हो रहे सावन के महीने की शुरुआत सोमवार से हो रही है और समापन के दिन यानी 3 जुलाई को भी सोमवार ही है। इस साल सावन महीने की शुरुआत और समापन सोमवार के दिन ही होगा यह अत्यंत अद्भुत संयोग है।
 
इस माह में भगवान शिव पूजा करने से हर तरह की परेशानियों से छुटकारा मिलता है। 
 
इस माह में भोले शंकर की पूजा-अर्चना करने से विवाह संबंधित समस्याएं दूर हो जाती हैं। जिन लोगों के विवाह में परेशानियां आ रही हैं, उन्हें सावन के महीने में भोले बाबा की विशेष पूजा-अर्चना करनी चाहिए।
 
जो व्यक्ति सावन के पावन महीने में भोले शंकर की विशेष पूजा-अर्चना करता है, उसके वैवाहिक जीवन में कोई भी परेशानी नहीं आती है। जिन लोगों के वैवाहिक जीवन में परेशानियां चल रही हैं, उन्हें भगवान शंकर की पूजा करनी चाहिए।

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

सूर्य का मकर राशि में गोचर, 12 राशियों का राशिफल, किसे होगा लाभ और किसे नुकसान

2026 में इन 4 राशियों का होगा पूरी तरह कायाकल्प, क्या आप तैयार हैं?

शाकंभरी माता की आरती हिंदी– अर्थ, लाभ और पाठ विधि | Shakambari mata ki aarti

Basant Panchami 2026: वर्ष 2026 में बसंत पंचमी का त्योहार कब मनाए जाएगा

क्या सच में फिर से होने वाला है ऑपरेशन सिंदूर प्रारंभ, क्या कहती है भविष्यवाणी

सभी देखें

धर्म संसार

मनचाहा फल पाने के लिए गुप्त नवरात्रि में करें ये 5 अचूक उपाय, हर बाधा होगी दूर

बुध ग्रह का शनि की राशि मकर में गोचर, 6 राशियों को मिलेगा अपार लाभ

बुध ग्रह का शनि की राशि मकर में गोचर, 12 राशियों का राशिफल

शनि और शुक्र का लाभ दृष्टि राजयोग, 4 राशियों को होगी धन की प्राप्ति

तिल द्वादशी व्रत कब और क्यों किया जाता है, जानें महत्व और पूजा विधि और मुहूर्त

अगला लेख