Publish Date: Sun, 05 Aug 2018 (11:42 IST)
Updated Date: Sun, 05 Aug 2018 (11:52 IST)
जम्मू। अलगाववादियों के बंद के आह्वान के चलते प्रशासन ने रविवार को अमरनाथ यात्रा 2 दिन के लिए रद्द कर दी है। अलगाववादियों ने घाटी में बंद का आह्वान अनुच्छेद 35 ए को समर्थन देने के लिए किया है, जो राज्य को विशेष अधिकार प्रदान करता है। अलगाववादी नेता सैयद अली गिलानी और मीरवाइज उमर फारूक और यासिन मलिक ने 'संयुक्त प्रतिरोध नेतृत्व' के बैनर तले पूरे प्रदेश में रविवार और सोमवार को बंद का ऐलान किया है। कई संगठनों ने धमकी दी है कि अगर कोर्ट इस अनुच्छेद को हटा देती है, तो वे जनआंदोलन करेंगे।
पुलिस के मुताबिक भगवती नगर यात्री निवास से किसी अमरनाथ तीर्थयात्री को आगे जाने नहीं दिया गया। उधमपुर और रामबन में विशेष जांच चौकियां स्थापित की गई हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि तीर्थयात्रियों का जत्था जम्मू-श्रीनगर राजमार्ग पर नहीं पहुंचे, जो इन दोनों जिलों से गुजरता है। अधिकारियों ने कहा कि घाटी में बालटाल और पहलगाम आधार शिविरों में मौजूद यात्री यात्रा को जारी रखेंगे। 28 जून को सालाना अमरनाथ की धार्मिक यात्रा शुरू होने के बाद से अब तक 2.71 लाख से ज्यादा श्रद्धालु पवित्र गुफा में स्थित शिवलिंग के दर्शन कर चुके हैं। इस यात्रा का समापन श्रावण पूर्णिमा को 26 अगस्त को होगा।
क्यों हो रहा है अनुच्छेद 35 ए का विरोध : नेशनल कॉन्फेंस और उसकी धुर विरोधी पीडीपी ने सुप्रीम कोर्ट में 6 अगस्त को संविधान के अनुच्छेद 35 ए को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई से पहले शनिवार को अलग-अलग विरोध प्रदर्शन किया। इस अनुच्छेद के तहत जम्मू-कश्मीर के निवासियों को विशेष दर्जा दिया जाता है। सुप्रीम कोर्ट इस मुद्दे पर डाली गई विभिन्न याचिकाओं पर सुनवाई करेगा। इनमें से एक याचिका आरएसएस से संबद्ध गैरसरकारी संगठन 'वी द सिटीजंस' ने इस अनुच्छेद को खत्म करने के लिए डाली है। (फोटो : सुरेश डुग्गर)