Dharma Sangrah

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

Ramadan 2026: सऊदी अरब, खाड़ी देशों में 18 फरवरी को हो सकता है पहला रोजा, जानें भारत में कब?

Advertiesment
हमें फॉलो करें रमज़ान के चांद की खूबसूरत फोटो

WD Feature Desk

, सोमवार, 16 फ़रवरी 2026 (16:15 IST)
Ramadan Date in 2026: रमज़ान माह 2026 की शुरुआत इस बार 18 या 19 फरवरी से हो सकती है, जो कि इस्लामिक कैलेंडर (हिजरी कैलेंडर) के अनुसार 1447 हिजरी के महीने का पहला दिन होगा। हालांकि, इस तारीख में थोड़ा बदलाव हो सकता है, क्योंकि रमज़ान का प्रारंभ चांद की दृष्टि पर निर्भर करता है और हर देश में चांद की दृष्टि अलग-अलग हो सकती है।ALSO READ: Ramadan 2026 Date: 18 या 19 फरवरी 2026 कब से शुरू होगा रमजान, जानें कब होगा पहला रोजा
 
  1. 18 या 19 फरवरी: कब होगा पहला रोजा?
  2. चांद रात (18 फरवरी)
  3. पहला रोजा (19 फरवरी)
  4. सऊदी अरब की स्थिति
  5. संभावित मुख्य तिथियां
  6. तारीखों में बदलाव क्यों होता है?
 

यहां रमजान 2026 की संभावित तारीखों का पूरा विवरण दिया गया है...

 

18 या 19 फरवरी: कब होगा पहला रोजा?

खगोलीय गणनाओं (Astronomical Calculations) के अनुसार, साल 2026 में रमजान की स्थिति कुछ इस प्रकार रहने की उम्मीद है:
 

चांद रात (18 फरवरी)

18 फरवरी 2026 (बुधवार) की शाम को भारत, पाकिस्तान और खाड़ी देशों में रमजान का चांद दिखने की प्रबल संभावना है।
 

पहला रोजा (19 फरवरी)

यदि 18 फरवरी को चांद नजर आता है, तो 19 फरवरी 2026 (गुरुवार) को पहला रोजा रखा जाएगा।
 

सऊदी अरब की स्थिति

अक्सर सऊदी अरब और खाड़ी देशों में चांद एक दिन पहले नजर आता है। वहां 18 फरवरी को पहला रोजा होने की संभावना जताई जा रही है, जबकि भारत में यह 19 फरवरी हो सकता है।
 

संभावित मुख्य तिथियां

कार्यक्रम संभावित तारीख (भारत)
चांद रात- 18 फरवरी 2026
पहला रोजा- 19 फरवरी 2026
शब-ए-कद्र- 16 मार्च 2026 (लगभग)
ईद-उल-फितर- 20 या 21 मार्च 2026
 

तारीखों में बदलाव क्यों होता है?

इस्लामी कैलेंडर चंद्र वर्ष (Lunar Year) पर आधारित होता है, जो सौर वर्ष से लगभग 10-11 दिन छोटा होता है। इसी कारण हर साल रमजान की तारीखें पीछे खिसकती रहती हैं। 
 
29 या 30 दिन: पिछला महीना (शाबान) 29 दिन का होगा या 30 दिन का, यह 29वीं तारीख को चांद दिखने पर निर्भर करता है।
 
अगर 17 फरवरी को चांद दिखा, तो 18 को पहला रोजा होगा।
 
अगर 17 को चांद नहीं दिखा, तो शाबान 30 दिन का पूरा होगा और 19 फरवरी को पहला रोजा होगा।
 
नोट: रमजान की आधिकारिक शुरुआत की घोषणा स्थानीय हिलाल कमेटियों द्वारा चांद देखने के बाद ही की जा सकेगी।
 

रमजान मास 2026 – FAQs

1. रोजा कब से कब तक रखा जाता है?
रोजा सुब्ह सादिक (फज्र की अजान) से शुरू होकर मग़रिब (सूर्यास्त) तक रखा जाता है। इस दौरान खाना-पीना और अन्य रोजा तोड़ने वाली चीज़ों से परहेज़ किया जाता है।
 
2. रमजान के बाद कौन-सा त्योहार मनाया जाता है?
रमजान के बाद ईद-उल-फित्र मनाई जाती है। यह शव्वाल महीने की पहली तारीख को चांद दिखने के बाद होती है।
 
3. रमजान का महत्व क्या है?
रमजान आत्मशुद्धि, सब्र, तक़वा (धार्मिकता) और अल्लाह की इबादत का महीना है। इसी महीने में पवित्र कुरआन शरीफ नाज़िल हुआ था।
 
 
अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।
 

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

Phulera Dooj 2026: फुलैरा दूज के दिन क्या करते हैं क्या है इसका महत्व और पूजा विधि