Biodata Maker

श्री राम नवमी 2023 : शुभ संयोग में खरीदें 5 वस्तु, प्रभु राम होंगे प्रसन्न

Webdunia
सोमवार, 27 मार्च 2023 (02:57 IST)
Shri Ram Navami 2023: कहते हैं कि चैत्र माह की नवमी के दिन प्रभु श्रीराम का जन्म हुआ था। अंग्रेजी कैलेंडर के अनुसार रामनवमी 30 मार्च 2023 गुरुवार को रहेगी। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, अमृत सिद्धि योग, रवि योग और गुरु पुष्य योग बन रहा है। अत: इस दिन पूरे दिन खरीदारी का भी शुभ मुहूर्त रहेगा। अत: इस दिन आप चाहें तो 5 में से कोई एक खरीद सकते हैं।
 
श्री राम पूजा का मुहूर्त : 30 मार्च 2023 को सुबह 11:11:38 से 13:40:20 तक रहेगा।
 
कौनसी 5 वस्तुएं खरीदें : 
1. इस दिन पूजा का सामान, मांगलिक वस्तुएं, पीली वस्तुएं या सोना खरीदें।
 
2. इस दिन चांदी का हाथी खरीदकर लाएं और उसे घर में स्थापित करें।
 
3. इस दिन हनुमानजी या श्रीराम सीता की मूर्ति भी खरीद सकते हैं।
 
4. इस दिन घर के लिए सजावटी सामान भी खरीद सकते हैं।
 
5. इस दिन वाहन, भूमि या भवन खरीदने का भी शुभ योग है।
 
क्या करते हैं रामनवमी के दिन : इस दिन रामायण का पाठ करते हैं। रामरक्षा स्त्रोत भी पढ़ते हैं। कई जगह भजन-कीर्तन का भी आयोजन किया जाता है। भगवान राम की मूर्ति को फूल-माला से सजाते हैं और स्थापित कर पालने में झुलाते हैं। कई जगहों पर पालकी या शोभायात्रा निकाली जाती है। अयोध्या में राज जन्मोत्सव का भव्य आयोजन होता है।

सम्बंधित जानकारी

Show comments
सभी देखें

ज़रूर पढ़ें

क्या आपके मोबाइल नंबर का अंतिम अंक आपके लिए शुभ है ?

हिंदू पुराण, ज्योतिष, नास्त्रेदमस, बाबा वेंगा और भविष्‍य मालिका की 6 कॉमन भविष्यवाणियां

1914 के विश्‍व युद्ध का इतिहास दोहराएगा 2026, दोनों साल के कैलेंडर में चौंकाने वाली समानता

Mahavir Jayanti: महावीर जयंती 2026: भगवान महावीर के उपदेश और जीवन से जुड़ी प्रेरणादायक बातें

Kharmas 2026: खरमास में करें 5 उपाय, पितरों को मिलेगी शांति

सभी देखें

धर्म संसार

Mahavir Jayanti 2026: भगवान महावीर: अहिंसा और आत्म-विजय के महानायक

Chaitra Purnima 2026: चैत्र पूर्णिमा कब है क्या महत्व है इस दिन का और क्या करें इस दिन?

भगवान जगन्नाथ मंदिर परंपरा: विष्णु दमनोत्सव क्या होता है और क्या है इसका महत्व?

महावीर जयंती पर जानिए अनेकांतवाद का अर्थ, क्यों आज भी प्रासंगिक है यह सिद्धांत

Mahavir Jayanti 2026 date: अहिंसा, सत्य और शांति का पावन पर्व महावीर जयंती, जानें इतिहास, महत्व और परंपराएं

अगला लेख