Publish Date: Wed, 21 Feb 2018 (08:56 IST)
Updated Date: Wed, 21 Feb 2018 (09:01 IST)
नई दिल्ली। प्रवर्तन निदेशालय ने मंगलवार को कहा कि उसने देश में भूमि, समुद्र और हवाईअड्डों में सभी निकास द्वारों को अधिसूचित कर दिया है ताकि रोटोमैक पैन का प्रमोटर विक्रम कोठारी तथा उसके परिवार के सदस्य देश छोड़ कर न जा सकें। कोठारी के खिलाफ 3,695 करोड़ रुपए के बैंक ऋण की धोखाधड़ी को लेकर धन शोधन जांच चल रही है।
जांच एजेंसी ने इस मामले में सबूत जुटाने के लिए उन्नाव और कानपुर सहित उत्तर प्रदेश में कई जगहों पर छापे भी मारे।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि प्राथमिक जांच के अनुसार, ऋण की राशि का इच्छित उद्देश्यों के लिए उपयोग नहीं किया गया। कोठारी, उसकी पत्नी साधना और पुत्र राहुल देश छोड़ कर भाग न सकें, यह सुनिश्चित करने के लिए एक लुकआउट परिपत्र जारी कर केंद्रीय जांच एजेंसी द्वारा आव्रजन प्राधिकारियों को अधिसूचित किया गया है।
प्रवर्तन निदेशालय ने धनशोधन की रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत रोटोमैक कंपनी और उसके प्रमोटरों के खिलाफ 18 फरवरी को आपराधिक आरोप लगाए। यह आरोप, सीबीआई द्वारा उसी दिन दर्ज एक प्राथमिकी के आधार पर लगाए गए। (भाषा)