Hanuman Chalisa

हिमालय में जलवायु परिवर्तन के हो सकते हैं दूरगामी परिणाम

Webdunia
शनिवार, 6 जून 2020 (13:34 IST)
उमाशंकर मिश्र

नई दिल्ली, उत्तरी और दक्षिणी ध्रुवों के बाद सबसे अधिक बर्फ का इलाका होने के कारण हिमालय को तीसरा ध्रुव भी कहा जाता है। हिमालय में जैव विविधता की भरमार है और यहां पर 10 हजार से अधिक पादप प्रजातियां पायी जाती हैं। इस क्षेत्र में जलवायु परिवर्तन के दूरगामी परिणाम हो सकते हैं। भारत की जलवायु में हिमालय के योगदान पर चर्चा करते हुए यह बात हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रोफेसर एस.पी. सिंह ने कही है।

वह विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर सीएसआईआर-राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान (एनबीआरआई), लखनऊ द्वारा आयोजित एक वेबिनार में बोल रहे थे।

प्रोफेसर सिंह बताया कि गंगा के विस्तृत मैदानी इलाके में मानवीय गतिविधियों से उपजा प्रदूषण हिमालयी पर्यावरण को काफी नुकसान पहुंचा रहा है। उन्होंने कहा कि हिमालय के विभिन्न क्षेत्रों में जलवायु परिवर्तन के प्रभावों की दर अलग-अलग देखी गयी है। पश्चिम हिमालय में पूर्वी हिमालय की तुलना में ग्लेशियरों पर अधिक प्रभाव देखने को मिल रहा है। हिमालय के 50 से भी अधिक ग्लेशियर सिकुड़ रहे हैं। इसका सीधा असर हिमालयी वनस्पतियों के वितरण, ऋतु जैविकी (Seasonal Biology) एवं कर्यिकी (Taxation) पर स्पष्ट रूप से दिखने लगा है।

उन्होंने बताया कि उच्च हिमालयी क्षेत्रों के वनों के साथ-साथ निचले हिमालयी क्षेत्रों में फसली पौधों पर भी प्रभाव पड़ने लगे हैं। उदाहरण के तौर पर सेब की फसल के कम होते उत्पादन के कारण किसानों की न सिर्फ आय कम हो रही है, बल्कि किसान दूसरी फसलों की खेती ओर मुड़ रहे हैं। एनबीआरआई के निदेशक प्रोफेसर एस.के. बारिक ने इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस की थीम “सेलिब्रेट बायोडायवर्सिटी” के बारे में चर्चा करते हुए कहा कि संस्थान पर्यावरण सुधार एवं भारत की जैव-विविधिता संरक्षण में सदैव तत्पर है।

प्रोफेसर एस.पी. सिंह ने बताया कि वैश्विक स्तर पर जलवायु परिवर्तन के चलते धरती के तापमान में बढ़ोतरी मनुष्यों, पशु-पक्षियों एवं पौधों सभी को प्रभावित कर रही है। अतः हमें इसके साथ जीने की कला सीखने के साथ इसके साथ अनुकूलन स्थापित करने के उपाय भी खोजने होंगे। (इंडिया साइंस वायर)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

Reliance Industries का रिकॉर्ड प्रदर्शन, FY26 में मुनाफा ₹95,754 करोड़, जियो और रिटेल ने दिखाई दमदार ग्रोथ

Raghav Chadha : राघव चड्ढा समेत 6 AAP सांसदों का BJP में जाने पर आया अरविंद केजरीवाला का रिएक्शन, अन्ना हजारे ने क्या कहा

AAP सांसदों की बगावत पर बरसे भगवंत मान, बोले- ये पंजाबियों के गद्दार हैं, उन्हें BJP में कुछ नहीं मिलेगा...

क्‍या केजरीवाल का ‘मैं’ पड़ा ‘आप’ पर भारी, क्‍यों बिछड़े सभी बारी बारी?

राघव चड्ढा सहित 7 सांसदों के भाजपा में जाने से मोदी सरकार को कितना फायदा होगा?

सभी देखें

नवीनतम

उत्तर भारत में भीषण गर्मी का प्रकोप, प्रयागराज में पारा 45.2 डिग्री, IMD का लू अलर्ट

पेटीएम पेमेंट्स बैंक का लाइसेंस हुआ कैंसिल: RBI ने दिए बंद करने के आदेश, ग्राहकों के लिए अहम अपडेट

राजनीति में महिलाओं पर पप्पू यादव के बयानों से छिड़ी चर्चा

पाकिस्तान से वार्ता करेंगे अराघची, क्या अमेरिका से शांति वार्ता करेंगे ईरानी विदेश मंत्री?

योगी सरकार का बुजुर्गों को सहारा, हर जिले में वृद्धाश्रम से मिल रहा सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन

अगला लेख