Publish Date: Thu, 29 Mar 2018 (07:33 IST)
Updated Date: Tue, 17 Apr 2018 (08:58 IST)
नई दिल्ली। सरकार ने देश के संचित निधि से नागरिकों को दिए जाने वाले लाभ से संबद्ध कल्याणकारी योजनाओं को आधार से जोड़ने की समयसीमा 30 जून तक बढ़ा दी है। अभी यह समयसीमा 31 मार्च 2018 थी।
बैंक खातों तथा मोबाइल फोन को 12 अंकों वाली बायोमीट्रिक पहचान संख्या आधार से जोड़ने की समय सीमा पहले ही तब तक के लिए बढ़ाई जा चुकी है जब तक पांच न्यायाधीश की पीठ इस मामले में अपना फैसला नहीं सुनाती है। पीठ उन याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है जिसमें बायोमीट्रिक योजना की वैधता को चुनौती दी गई है।
मामले से जुड़े सूत्रों के अनुसार सार्वजनिक वितरण, मनरेगा और पेंशन योजना जैसी कल्याणकारी योजनाओं को आधार से जोड़ने की समयसीमा तीन महीने के लिए बढ़ाई गई है, लेकिन 31 मार्च के बाद इन योजनाओं के अंतर्गत लाभ लेने के लिए आधार संख्या या पंजीकरण रसीद देने की आवश्यकता होगी।
उसने कहा कि वास्तव में सरकार चाहती है कि वे वास्तविक लाभार्थी लाभ से वंचित नहीं हो जिनके पास आधार नहीं है, इसीलिए समयसीमा बढ़ाई गई है।
उच्चतम न्यायालय ने कल्याणकारी योजनाओं को आधार से जोड़ने को लेकर समयसीमा 31 मार्च से आगे बढ़ाने को लेकर कोई अंतरिम आदेश देने से इनकार कर दिया था। हालांकि केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) ने पैन-आधार को जोड़ने की समयसीमा बढ़ाकर 30 जून कर दी।
बोर्ड ने पैन को आधार से जोड़ने की समयसीमा 31 मार्च से आगे बढ़ाने का आदेश जारी किया। यह चौथा मौका है जब सरकार ने पैन और आधार जोड़ने की समयसीमा बढ़ाई है।
यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब उच्चतम न्यायालय की संविधान पीठ आधार कानून तथा बायोमीट्रिक पहचान संख्या को विभिन्न सरकारी तथा गैर-सरकारी योजनाओं से जोड़ने को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुनवाई कर रही है। (भाषा)