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भाजपा का स्टार प्रचारक हुआ बागी, बढ़ेगी वित्तमंत्री की मुसीबत

विशेष प्रतिनिधि
भोपाल। मध्यप्रदेश में नामांकन वापसी का समय खत्म होने के बाद अब स्थिति साफ हो गई है। इस बार चौथी बार सत्ता में वापसी की कोशिश में लगी भाजपा को इस बार सबसे ज्यादा बागियों का सामना करना पड़ रहा है।
 
भाजपा के लिए इस बार बागी सबसे बड़ी समस्या बनकर उभरे हैं। भाजपा की तरफ से सबसे बड़ी बगावत दमोह में पूर्व मंत्री और चार बार के सांसद रामकृष्ण कुसमारिया ने दमोह और पथरिया सीट दो जगह से चुनावी मैदान में उतरकर भाजपा के समाने मुसीबत खड़ी कर दी है।
 
दमोह में रामकृष्ण कुसमारिया शिवराज सरकार में वित्तमंत्री जयंत मलैया के खिलाफ चुनाव मैदान में उतरकर पार्टी की मुसीबत बढ़ा दी है। कुसमारिया को मनाने के लिए पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभात झा ने काफी मानने की कोशिश की, लेकिन कुसमारिया ने प्रभात झा को बैरंग लौटा दिया।
 
बीजेपी के लिए कुसमारिया का चुनाव लड़ना कितना बड़ा झटका है, उसको इस बात से समझा जा सकता है कि कुसमारिया को भाजपा  ने अपना स्टार प्रचारक बनाया था साथ ही वे प्रदेश चुनाव समिति के सदस्य भी थे। ऐसे में कुसमारिया के बागी होकर चुनाव लड़ने से पार्टी संगठन पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। 
 
वहीं कुसमारिया के चुनाव लड़ने से कुर्मी वोट बैंक के टूटने का भी खतरा हो गया है। कुसमारिया के चुनाव लड़ने पर पार्टी के प्रदेश प्रभारी विनय सहस्त्रबुद्धे ने कहा कि अभी भी उम्मीद है कि कुसमारिया मान जाएंगे।

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