Hanuman Chalisa

राम मंदिर मुद्दा बनेगा भाजपा के लिए चुनावी मुसीबत, इंदौर में लगे पोस्टर

Webdunia
शनिवार, 17 नवंबर 2018 (14:59 IST)
इंदौर। मध्यप्रेदश विधानसभा चुनाव से पहले राम मंदिर का मुद्दा भाजपा के लिए मुश्किल का सबब बन सकता है। लोगों का मानना है कि अयोध्या में राम मंदिर के मामले में भाजपा ने लोगों को धोखा दिया है।
 
 
इंदौर विधानसभा क्षेत्र क्रमांक एक के नगीन नगर इलाके में लोगों ने अपने घरों के बाहर पोस्टर लगाए हैं, जिनमें लिखा है कि राम मंदिर के नाम भाजपा ने हमको सिर्फ धोखा दिया है। अब सिर्फ हिन्दू महासभा पर ही भरोसा है। ये पोस्टर किसी राष्ट्रप्रेमी संघ द्वारा लगाए गए हैं।
 
 
इंदौर शहर में इस समय पांचों विधानसभाओं में भाजपा के ही विधायक हैं। इस तरह के पोस्टर बता रहे हैं कि पार्टी की विधानसभा चुनाव में राह आसान नहीं होगी। यदि समय रहते भाजपा ने मतदाताओं में व्याप्त इस असंतोष को दूर नहीं किया तो चुनाव में उसके लिए मुश्किल पैदा हो सकती है।
 
 
इंदौर-1 में सुदर्शन गुप्ता वर्तमान में भाजपा विधायक है साथ ही पार्टी ने एक बार फिर उन पर ही भरोसा जताया है, जबकि उनके सामने कांग्रेस ने संजय शुक्ला को उतारा है। शुक्ला भाजपा के वरिष्ठ नेता विष्णु प्रसाद शुक्ला के बेटे हैं।
 

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

Reliance Industries का रिकॉर्ड प्रदर्शन, FY26 में मुनाफा ₹95,754 करोड़, जियो और रिटेल ने दिखाई दमदार ग्रोथ

Raghav Chadha : राघव चड्ढा समेत 6 AAP सांसदों का BJP में जाने पर आया अरविंद केजरीवाला का रिएक्शन, अन्ना हजारे ने क्या कहा

AAP सांसदों की बगावत पर बरसे भगवंत मान, बोले- ये पंजाबियों के गद्दार हैं, उन्हें BJP में कुछ नहीं मिलेगा...

क्‍या केजरीवाल का ‘मैं’ पड़ा ‘आप’ पर भारी, क्‍यों बिछड़े सभी बारी बारी?

राघव चड्ढा सहित 7 सांसदों के भाजपा में जाने से मोदी सरकार को कितना फायदा होगा?

सभी देखें

नवीनतम

इसराइल के PM बेंजा‍मिन नेतन्‍याहू को है प्रोस्टेट कैंसर, पहली बार खोला हेल्थ सीक्रेट, अब तक क्‍यों नहीं बताई यह बात?

मेरठ में भीषण गर्मी में श्रमिकों को राहत, मानवीय पहल के साथ प्रशासन सतर्क

नागपुर में धीरेंद्र शास्त्री का बड़ा बयान,बोले- 4 बच्चे पैदा करो, एक RSS को दो

स्वाति मालीवाल का AAP से इस्तीफा, PM मोदी के नेतृत्व पर भरोसा कर भाजपा में शामिल

'केजरीवाल के घर की तस्वीरें फर्जी': आतिशी का प्रवेश वर्मा को जवाब

अगला लेख