Publish Date: Wed, 27 Feb 2019 (09:47 IST)
Updated Date: Wed, 27 Feb 2019 (09:52 IST)
कोलंबो। भ्रष्टाचार निरोधक जांच में अड़चन डालने के लिए मंगलवार को दो साल के लिए प्रतिबंधित किए गए सनथ जयसूर्या ने इस फैसले को दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया और दावा किया कि आईसीसी के पास उनके खिलाफ भ्रष्टाचार, सट्टेबाजी या आंतरिक सूचना के दुरुपयोग कोई सबूत नहीं हैं।
श्रीलंकाई क्रिकेट में बड़े स्तर पर फैले भ्रष्टाचार की आईसीसी की जांच के दौरान जयसूर्या से पूछताछ की गई थी। उन्हें आईसीसी आचार संहिता के उल्लंघन का दोषी पाया गया है। इसमें बिना किसी उचित कारण के एसीयू की किसी जांच में सहयोग नहीं करना या उसमें नाकाम रहने तथा एसीयू की किसी जांच में देरी या बाधा पहुंचाने से संबंधित है।
जयसूर्या ने कहा, यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि भले ही मैंने अधिकारियों द्वारा मांगी गई सारी जानकारी आईसीसी एसीयू को उपलब्ध कराई थी लेकिन आईसीसी एसीयू ने मुझ पर संहिता के तहत आरोप लगाना उचित समझा हालांकि भ्रष्टाचार, सट्टेबाजी या आंतरिक सूचना के दुरुपयोग का कोई आरोप नहीं था।
जयसूर्या ने कहा कि उन्होंने हमेशा उच्च मानदंडों के साथ यह खेल खेला। उन्होंने कहा, मैंने हमेशा देश को सबसे पहले रखा और क्रिकेट प्रेमी जनता इसकी गवाह रही है। मैं श्रीलंका की जनता और अपने प्रशंसकों का आभार व्यक्त करता हूं जो इस मुश्किल दौर में मेरे साथ खड़ी है।