Publish Date: Thu, 30 Nov 2017 (14:50 IST)
Updated Date: Thu, 30 Nov 2017 (14:54 IST)
नई दिल्ली। भारत के पूर्व कप्तान बिशनसिंह बेदी का मानना है कि पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय क्रिकेट संबंधों का राजनीतिकरण करके किसी को देशभक्ति की परिभाषा संकुचित नहीं करनी चाहिए। भारत सरकार ने 2012 में भारत में हुई लघु श्रृंखला के बाद से भारत-पाक द्विपक्षीय क्रिकेट को मंजूरी नहीं दी है। इसके बाद से दोनों देशों का सामना सिर्फ आईसीसी टूर्नामेंटों में हुआ है।
बेदी ने यहां डीडीसीए के सालाना सम्मेलन से इतर बातचीत के दौरान कहा कि क्रिकेट का राजनीतिकरण क्यों? क्या क्रिकेट नहीं खेलकर आतंकवाद का सफाया हो गया। क्रिकेट एक-दूसरे के करीब आने का जरिया है।
यह पूछने पर कि क्या मौजूदा परिदृश्य में देशभक्ति के मायने पाकिस्तान विरोधी होना ही हो गया है? बेदी ने कहा कि यह सही नहीं है। यदि मैं पाकिस्तान के साथ क्रिकेट श्रृंखला की मांग कर रहा हूं तो मैं कोई भारत विरोधी बात नहीं कर रहा। देशभक्ति की परिभाषा इतनी संकुचित नहीं की जानी चाहिए।
बीसीसीआई के धुर विरोधी रहे बेदी ने कहा कि भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड से 'नियंत्रण' शब्द हटा देना चाहिए, क्योंकि यह 'तानाशाही' का सूचक है। (भाषा)
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Publish Date: Thu, 30 Nov 2017 (14:50 IST)
Updated Date: Thu, 30 Nov 2017 (14:54 IST)