Publish Date: Sat, 27 Jun 2020 (08:33 IST)
Updated Date: Sat, 27 Jun 2020 (08:38 IST)
नई दिल्ली। कृत्रिम सौंदर्य प्रसाधन बनाने वाली फ्रांस की कंपनी लोरियल ग्रुप ने शुक्रवार को कहा कि वह त्वचा के रखरखाव से संबंधित अपने उत्पादों से श्वेत, गोरे और हल्के जैसे शब्दों को हटाएगी। यूनिलीवर ने भी एक दिन पहले इसी तरह की घोषणा की थी और कहा था कि वह अपने लोकप्रिय ब्रांड 'फेयर एंड लवली' से 'फेयर' शब्द को हटाएगी।
नस्लीय रूढ़ियों के खिलाफ उठतीं आवाजों के बीच त्वचा के गोरेपन से संबंधित सौंदर्य प्रसाधन बनाने वाली कंपनियां दबाव में हैं। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण हो जाता है, जब अमेरिका से शुरू हुआ 'ब्लैक लाइव्स मैटर' आंदोलन कई देशों में फैल चुका है।
कंपनी ने एक बयान में कहा कि लॉरियल ग्रुप त्वचा का रंग बदलने वाले उत्पादों को लेकर उठ रहीं आपत्तियों को स्वीकार करती है। इसे लेकर कंपनी त्वचा संबंधी अपने सभी उत्पादों से गोरे, गोरेपन, श्वेत, सफेद, हल्का आदि शब्दों को हटाने का निर्णय लेती है।
कई और कंपनियों भी इस तरह के कदम उठा रही हैं। अमेरिकी की स्वास्थ्य देखभाल और एफएमसीजी कंपनी जॉनसन एंड जॉनसन ने भी त्वचा को गोरा बनाने वाली क्रीम की भारत सहित दुनियाभर में बिक्री को रोक दिया, वहीं कोलकाता स्थित एफएमसीजी कंपनी इमामी ने भी कहा है कि वह स्थिति का मूल्यांकन कर रही है। कंपनी गोरापन लाने वाले ब्रांड 'फेयर एंड हैंडसम' का उत्पादन करती है। (भाषा)