sundarkand

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

ड्रग तस्करों के खिलाफ क्राइम ब्रांच का अटैक, 8 महीने में 138 तस्कर गिरफ्तार, 3.73 करोड़ की जब्ती, इंदौर क्‍यों बन रहा सेंटर?

क्राइम ब्रांच इंदौर में ड्रग के इंटरनेशनल कनेक्‍शन की भी कर रही जांच

Advertiesment
Crime Branch cracks down on drug smugglers in Indore
इंदौर, शहर को नशा मुक्त बनाने के अभियान में इंदौर क्राइम ब्रांच को बड़ी सफलता हासिल हुई है। लगातार बढ़ती पब-क्लब संस्कृति और एजुकेशन संस्थानों की आड़ में युवाओं को निशाना बना रहे ड्रग माफियाओं पर नकेल कसते हुए पुलिस ने इस साल कार्रवाई का नया रिकॉर्ड कायम किया है। तकरीबन रोजान हो रही गिरफ्तारियों और जब्तियों से शहर में फैले नशीले पदार्थों के नेटवर्क के इंटरनेशनल तार सामने आ रहे हैं। हाल ही में एक नाइजीरियन महिला को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।

पुलिस कार्रवाई और जब्ती के आंकड़े : 1 जनवरी 2026 से अब तक दर्ज और जब्त किए गए आंकड़े।
कुल दर्ज मामले: NDPS एक्ट के तहत 65 मामले दर्ज किए गए।
गिरफ्तारियां: पुलिस ने 138 नशा तस्करों को सलाखों के पीछे भेजा गया।
कुल जब्ती मूल्य: मादक पदार्थ और इसमें शामिल वाहनों सहित कुल 3,73,98,000 (लगभग 3.74 करोड़ रुपए) की जब्ती की गई।
webdunia

कौनसी कितनी ड्रग जब्‍त हुई?
एमडी ड्रग्स (MD Drugs): 2.97516 किलोग्राम।
गांजा: 28.338 किलोग्राम।
भांग: 500 किलोग्राम।
ब्राउन शुगर: 327.42 ग्राम।
कोकीन: 10 ग्राम।


क्यों बढ़ रहा है इंदौर में ड्रग्स का जाल?
बता दें कि इंदौर में ड्रग्स के बढ़ते बाजार और इसके सप्लाई सेंटर बनने के पीछे कई वजहें हैं।

छात्र-छात्राएं निशाने पर: इंदौर मध्य भारत का प्रमुख एजुकेशन हब है। बाहर से आकर हॉस्टल और पीजी में रहने वाले स्कूल-कॉलेज के विद्यार्थी ड्रग माफियाओं के मुख्य निशाने पर हैं।

क्लब और पब कल्चर: शहर में पब, नाइट क्लब और बार की लगातार बढ़ती संख्या भी ड्रग्स के कारोबार को बढ़ावा दे रही है, जहां देर रात पार्टियों में युवाओं को नशे की लत में धकेला जाता है।

11 लाख की एमडी के साथ नाइजीरियन महिला गिरफ्तार : हाल ही में पुलिस ने नशीले पदार्थों की सप्लाई करने वाली एक नाइजीरियन महिला को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी महिला के कब्जे से करीब 11 लाख रुपए मूल्य की हाई क्‍वालिटी की एमडी (मेफेड्रोन) ड्रग्स जब्त की थी।

कैसे करती थी तस्‍करी : पकड़ी गई महिला मूल रूप से नाइजीरिया की रहने वाली है, जो दिल्ली और मुंबई के रास्ते इंदौर में नशे की खेप डिलीवर करने आई थी। इससे पुलिस को इंदौर में इंटरनेशनल ड्रग तस्‍करी का अंदेशा भी है। महिला के पास से 110 ग्राम से अधिक अवैध एमडी ड्रग्स (अनुमानित अंतरराष्ट्रीय कीमत 11 लाख) बरामद की गई थी। पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी महिला दिल्ली और अन्य महानगरों से बस व ट्रेन के जरिए ड्रग्स लाकर इंदौर के पब, क्लब और कॉलेज-हॉस्टल के छात्रों तक सप्लाई करती थी।
webdunia

इंटरनेशनल तस्‍करी की जांच : पुलिस अब महिला के वीजा और पासपोर्ट के दस्तावेजों की जांच कर रही है। क्‍योंकि पुलिस को शक है कि इंदौर में अंतरराष्‍ट्रीय ड्रग तस्‍करी के तार जुडे हो सकते हैं। साथ ही इंदौर में उसके स्थानीय संपर्कों और मुख्य खरीददारों (पेडलर्स) का भी पता लगाया जा रहा है।

इंदौर में ई-रिक्शा वाले भी सप्‍लाय कर रहे ड्रग : पूछताछ में ड्रग खरीदने वाले राहुल नाम के एक शख्‍स ने बताया कि उसे ब्राउन शुगर मंदसौर निवासी अय्यूब कुरैशी से मिली थी। इसके बाद क्राइम ब्रांच ने राहुल की निशानदेही पर दबिश देकर अय्यूब को गिरफ्तार कर लिया। अय्यूब दिहाड़ी मजदूरी करता है, जबकि राहुल ई-रिक्शा चालक है। पुलिस ने मामले में एनडीपीएस एक्ट की धारा 29 भी बढ़ाई है। अब जांच में यह पता लगाया जा रहा है कि ब्राउन शुगर की सप्लाई कहां से आती थी, इंदौर में किन लोगों तक पहुंचाई जाती थी और इस नेटवर्क में कितने लोग जुड़े हैं।

मंदसौर का ब्राउन शुगर का तस्कर गिरफ्तार : बता दें कि पिछले शनिवार को पुलिस ने एक बडी गिरफ्तारी कर मामले का खुलासा किया था। पिछले महीने गिरफ्तार किए गए आरोपी अय्यूब कुरैशी से पूछताछ में कई जगह नेटवर्क फैले होने की जानकारी सामने आई है। टीम ने उसे घेराबंदी कर गिरफ्तार किया था। डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश कुमार त्रिपाठी के मुताबिक 31 अगस्त 2026 को टीम पंचमुखी हनुमान मंदिर रोड, अरविंदो लवकुश चौराहे के पास संदिग्ध गतिविधियों की सूचना पर पहुंची थी। घेराबंदी कर राहुल सौदागर को पकड़ा गया। तलाशी लेने पर उसके पास से 18.89 ग्राम ब्राउन शुगर बरामद हुई, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 1.80 लाख रुपए बताई गई है।

क्राइम ब्रांच ने इंस्‍टीटयूट के आसपास निगरानी बढ़ाई : इस गिरफ्तारियों और माल जब्‍ती के बाद इंदौर क्राइम ब्रांच ने हॉस्टल, शिक्षण संस्थानों और पब-बार के आसपास निगरानी बढ़ा दी है। रोजाना हो रही गिरफ्तारियों से यह साफ है कि इंदौर में ड्रग माफिया पूरी तरह से सक्रिय है और पुलिस को इसे कंट्रोल करने के लिए अतिरिक्‍त प्रयास करने होंगे।

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

यात्री परिवहन विजन समिट में जुटेंगे विशेषज्ञ, बस ऑपरेटर और उद्योग जगत के प्रतिनिधि