रुद्र पूजा एक उच्चतर वैज्ञानिक तकनीक है और इसके रचयिता महान वैज्ञानिक हैं: स्वामी शिवपाद
आर्ट ऑफ लिविंग नवरात्रि में द्वितीय दिवस पर रुद्र होम में स्वामी शिवपाद ने खोले सनातन पूजन के आश्चर्जनक रहस्य
Publish Date: Friday, 30 January 2026 (17:42 IST)
Updated Date: Friday, 30 January 2026 (01:44 IST)
श्रीश्री की संस्था आर्ट ऑफ लिविंग की इंदौर शाखा द्वारा लगातार 16वे वर्ष आयोजित नवरात्रि महोत्सव में द्वितीय दिवस शनिवार सुबह रुद्र होम व रुद्र पूजा के रहस्यों का सक्षिप्त वर्णन करते हुए ऋग्वेद शाखा के अध्य्यायी स्वामी शिवपाद ने बताया कि आज विज्ञान यह सिद्ध कर चुका है कि मन्त्रो की लयबद्ध ध्वनि द्वारा जल को आवेशित किया जा सकता है और यह खोज हमारे पूर्वज ऋषि मुनियों ने हजारों वर्ष पूर्व करके उसका सदुपयोग मानव कल्याण हेतु किया। उन्हें यह पता था कि इन्द्रिय मन बाहर ही भटकता रहता है इसको अंर्तमुखी करके ही मानसिक स्वास्थ्य प्राप्त किया जा सकता है इसके साथ ही स्वामी जी ने रुद्र पूजन के कई रहस्यों पर से पर्दा उठाया।
विशेष कार्यक्रमो में इंदौर शहर की 51 महिला पुलिस अधिकारी और महिला कॉन्स्टेबल को उनके गृहस्थ जीवन के साथ समाज की जिम्मेदारी सकुलशलता पूर्वक उठाने के लिए स्वामी जी द्वारा विशेष सम्मान किया गया। यह सम्मान नारी शक्ति के लिए दिया गया। महिलाओं के लिए इंदौर शहर को सुरक्षित बनाने और हर परिशानी में उपलब्ध होने के लिए महिला पुलिस हमेशा तैयार होती है। इस सम्मान समारोह में इंदौर के लगभग सभी महिला पुलिस के ग्रुप को कवर किया गया।
विशेष कार्यक्रमो की कड़ी में सन्ध्या को चंडी पाठ का आरंभ हुआ। दूसरे दिन के कार्यकर्मो में सुबह रुद्र होम के साथ श्रीश्री रविशंकर विद्या मंदिर के छात्रों द्वारा की गई शिव आराधना से पूरा पंडाल ऊर्जा से झंकृत हो गया और ओमनी रेसिडेंसी में उपस्थित सेकड़ो श्रोताओं को एक अलग ऊर्जा से परिपूर्ण कर दिया। कार्यक्रम का समापन रविवार को सुबह 8 से 12 तक चंडी होम एवम महाप्रसादी वितरण के साथ होगा।