Hanuman Chalisa

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

शोध: फल-सब्जी खाने के फायदे जानकर हैरान रह जाएंगे आप

Advertiesment
Fruit
-रितु कुमार

नई दिल्ली, यह एक वैज्ञानिक तथ्य है कि स्वास्थ्य और भोजन के बीच अटूट रिश्ता है। लेकिन यह रिश्ता तभी तक बना रहता है जब तक हम अपने द्वारा खाए जाने वाले आहार के प्रति सचेत रहते हैं।

फल और सब्जियों के आहार की स्वस्थ जीवन को सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका होती है। फल और सब्जियों के नियमित सेवन से हमारे स्वास्थ्य और शरीर की आंतरिक प्रणाली तो मजबूत होती ही है साथ में हमारी पाचन शक्ति भी बढ़ती है जो पोषणप्रदानकरने के अतिरिक्त हमे अनेक रोगों से बचाने में भी सहायक होती है।

एक शोध के अनुसार फल और सब्जियां खाने से एक ओर जहां कैंसर जैसे घातक बीमारी से बचाव होता है वहीं दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा भी कम होता है। इसके साथ ही हरी सब्जियां और फल खाने वाले लोग सब्जियां और फल नहीं खाने वालों की तुलना में कहीं अधिक खुश रहते हैं।

फल और सब्जियों में वसा, नमक और चीनी की मात्रा बहुत कम होती है। ये फाइबर के अच्छे स्रोत होते हैं। इनके नियमित सेवन से मोटापा, कोलेस्ट्रॉल और रक्तचाप को कम करने में मदद मिलती है। इसलिए अच्छे स्वास्थ्य के लिए खाने में ज्यादा से ज्यादा फलों और सब्जियों का इस्तेमाल बेहद जरूरी है। फलों और सब्जियों में फाइटोकेमिकल्स मौजूद होते हैं। जैविक रूप से सक्रिय ये पदार्थ अनेक बीमारियों से बचाने में मदद करते हैं। यदि नियमित रूप से खाने में फल और सब्जियां का इस्तेमाल किया जाए तो मधुमेह, आघात, हृदय रोग, कैंसर, उच्च रक्तपात आदि बीमारियों का जोखिम कम हो जाता है।

दरअसल फलों और सब्जियों को संरक्षी यानी रक्षा करने वाला खाद्य कहा जाता है। हमारे शरीर को जीवन की विभिन्न महत्वपूर्ण क्रियाओं को करने और खून बनाने के साथ ही हड्डियां और दांतों को मजबूत रखने के लिए विभिन्न विटामिनों और खनिजों की जरूरत होती है। फल और सब्जी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स, बहुमूल्य विटामिंस, मिनरल्स और पोषक तत्व जैसे विटामिन ए, बी, सी, डी और ई, कैरोटेनाइड्स, कोएंजाइम क्यू 10, पॉलीफेनोल्स, पोटेशियम, सेलेनियम और जिंक उन्हीं जरूरतों को पूरा करते हैं।

शरीर के हर अंग के विकसित होने, मजबूत और स्वस्थ रहने के लिए अलग-अलग पोषक तत्वों की जरूरत होती है जो फल और सब्जियों से भरपूर मात्रा में मिलती है। जैसे स्वस्थ आंखें, त्वचा और शिशुओं के विकास के लिए विटामिन ‘ए’ बहुत जरूरी है। यह बीटा-कैरोटीन के रूप में संतरा, पीले रंग के फल और सब्जियों जैसे पपीता, आम, कद्दू, गाजर और हरे रंग की पत्तेदार सब्जियों में मौजूद है। इसलिए यह जरूरी है कि हम खाने में इन फल और सब्जियों को शामिल करें।

वहीं विटामिन ‘सी’ यानी एस्कॉर्बिक एसिड हमारे शरीर को मजबूत करने वाला तत्व है। यह स्वस्थ मसूड़ों और शरीर में प्रतिरोधक शक्ति बनाने के लिए महत्वपूर्ण है। इसके लिए विटामिन ‘सी’ से भरपूर नींबू वंश के फल जैसे संतरा, मौसमी, नींबू का सेवन जरूरी है। आंवला विटामिन ‘सी’ से भरपूर फल होता है जो सस्ता भी होता है। इसके साथ ही कच्चे रूप में प्रयोग की जाने वाली पत्तेदार सब्जियों में भी विटामिन ‘सी’ भरपूर होता है जिनका सेवन भोजन में किया जाना चाहिए।

इसी प्रकार फॉलिक एसिड हमारे शरीर में रक्त के पुनर्निर्माण के लिए बेहद जरूरी है। हरी पत्तेदार सब्जियां इस विटामिन का महत्वपूर्ण स्रोत है। इस विटामिन के महत्व का पता इसी बात से चलता है कि प्रारंभिक अवस्था में इसकी कमी से नवजात शिशुओं में न्यूरल ट्यूब दोष की संभावना काफी बढ़ जाती है जिसके कारण शिशु के मस्तिष्क और मेरुदंड में गंभीर विकार आ सकते हैं। इसलिए जरूरी है कि शरीर में फॉलिक एसिड की पूर्ति के लिए हरी पत्तेदार सब्जियों को खाया जाए।

राइबोफ्लेविन-एंजाइम प्रणाली का महत्वपूर्ण घटक विटामिन ‘बी-2’, सामान्य त्वचा, पाचन और दृष्टि को बनाए रखने में मदद करता है। हरी पत्तेदार सब्जियों में यह पर्याप्त मात्रा में पाया जाता है। ऐसे में पाचन क्रिया को बनाए रखने के लिए भोजन में विटामिन ‘बी-2’ का प्रयोग करना आवश्यक है।

आयरन हमारे शरीर के लिए महत्वपूर्ण खनिजों में से एक है। बिना पर्याप्त आयरन के रक्त के रेड सेल्स द्वारा शरीर के उत्तकों तक पर्याप्त ऑक्सीजन पहुंचाना संभव नही हो पाता। हरी पत्तेदार सब्जियां आयरन का अच्छा और महत्वपूर्ण स्रोत हैं। खजूर, किशमिश जैसे सूखे मेवे में भी आयरन प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। इन सभी का भोजन में पर्याप्त उपयोग होना चाहिए।

कैल्शियम हमारी हड्डियों और दांतों के लिए बेहद जरूरी है। यही नहीं कैल्शियम हमारे शारीरिक ढांचे, हृदय गति, रक्त जमाव, मांसपेशी-संकुचन और नसों को संवेदनशील बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। पत्तेदार हरी सब्जियों को खाने में इस्तेमाल कर हम प्रचुर मात्रा में कैल्शियम ले सकते हैं। अगर हम कैल्शियम से भरपूर फल और सब्जियां खाते रहें तो हमें अलग से पूरक के रूप में कैल्शियम लेने की जरूरत नहीं पड़ेगी।

आहार रेशा भी हमारे आहार का एक महत्वपूर्ण घटक है जो हमें फलों और सब्जियों से प्राप्त होता है। यह न केवल सामान्य आंत्र-गति में सहायक होता है बल्कि कैंसर, पुरानी बीमारियों जैसे मधुमेह, उच्च रक्तचाप, और हृदय धमनी रोगों को रोकने में भी सहायक होता है।

फल आमतौर पर महंगे माने जाते हैं लेकिन प्रकृति ने हमें प्रचुर मात्रा में मौसमी फल और सब्जियां प्रदान की है जो अपने-अपने मौसम में बहुतायत से और सस्ते मूल्यों पर उपलब्ध होते हैं। जरूरी है उन मौसमी फलों और सब्जियों को अपने आहार का हिस्सा बनाना ताकि हम स्वस्थ रह सकें।

मौसमी फल और सब्जियां न केवल पौष्टिक होती हैं बल्कि उनमें मौसम के अनुरूप शरीर की विशेष जरूरतों को पूरा करने की विशेषता होती है। आम, अमरूद, पपीता, केला, गाजर, संतरा आदि पौष्टिक फल अपने-अपने मौसम में हर कहीं प्रचुर मात्रा में उपलब्ध होते हैं।

एक बात जो बेहद जरूरी है, वह है फलों और सब्जियों को ठीक तरीके से संभाल कर रखना। फलों और सब्जियों को संभाल कर नहीं रखने से उनमें पाए जाने वाले महत्वपूर्ण पोषक तत्त्वों के  नष्ट हो जाने की संभावना होती है। इसलिए इन खाद्य पदार्थों के रख-रखाव और पकाने-खाने में काफी सावधानी बरतने की जरूरत होती है। जैसे उचित तापमान में रखना, पकाने से पहले अच्छे से धोना, सड़े हुए फल या सब्जी को नहीं खाना आदि।

मानव शरीर संरचना बेहद जटिल है और इसमें कई प्रक्रियाएं एक साथ चलती रहती हैं। शरीर के संचालन के लिए पूर्ण ऊर्जा की जरूरत होती है। जब मानव शरीर बीमार पड़ता है उस वक्त उपचार के अलावा स्वस्थ आहार और फल ही हमें बीमारी से निजात दिलाते हैं। यह बात भी बिलकुल सच है कि कोई भी बाह्य -पूरक यानी सप्लीमेंट्स फल और सब्जियों की जगह नहीं ले सकते। अगर ऐसा होता तो लोग फल और सब्जियों को उपजाने और खाने के लिए इतनी मेहनत नहीं करते।

भारत जैसे देश में 50 फीसदी से ज्यादा महिलाएं खून की कमी से पीड़ित है। किशोरों का एक बड़ा भाग जिसमें 40 फीसदी लड़कियां और 18 फीसदी लड़के हैं, एनीमिया यानी खून की कमी से जूझ रहे हैं। ऐसे में यह काफी महत्वपूर्ण हो जाता है कि अन्य उपायों के अलावा उनके आहार में हरी सब्जियां और फल पर्याप्त मात्रा में हो ताकि उन्हें भरपूर मात्रा में आयरन मिले और शरीर में खून की कमी दूर हो।

स्वस्थ तन और मन, सुखी जीवन का आधार होता है और स्वस्थ तन और मन की चाभी हमारे स्वास्थ्य और संतुलित आहार में छुपी हुई है जो हमें फल और सब्जियों के जरिए प्राप्त होता है। इसलिए स्वस्थ और ऊर्जावान रहने के लिए फल और सब्जियों का भोजन में उपयोग बेहद जरूरी है। (इंडिया साइंस वायर)

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

मजबूत फेफड़े चाहते हैं तो यह 5 चीजें खाना भूल जाएं, पड़ेगा बहुत बुरा असर




Hanuman Chalisa In Hindi
Hanuman Chalisa In Hindi