Publish Date: Thu, 19 Feb 2026 (13:19 IST)
Updated Date: Thu, 19 Feb 2026 (17:02 IST)
Gujarat Budget 2026-27 : गुजरात विधानसभा में वित्तमंत्री कनु देसाई ने लगातार पांचवीं बार ऐतिहासिक बजट पेश कर नया रिकॉर्ड बनाया है। वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तुत इस बजट का कुल आकार 4,08,053 करोड़ रुपए रखा गया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 10 प्रतिशत की महत्वपूर्ण वृद्धि दर्शाता है। इसके साथ ही, विद्यार्थियों और पाठकों के लिए गांधीनगर में 100 करोड़ रुपए की लागत से देश की सबसे बड़ी और आधुनिक 'नमो सेंट्रल लाइब्रेरी' स्थापित करने की घोषणा की गई है, जो पूरी तरह से डिजिटल सुविधाओं से लैस होगी।
गुजरात विधानसभा में वित्तमंत्री कनु देसाई ने लगातार पांचवीं बार ऐतिहासिक बजट पेश कर नया रिकॉर्ड बनाया है। वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तुत इस बजट का कुल आकार 4,08,053 करोड़ रुपए रखा गया है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 10 प्रतिशत की महत्वपूर्ण वृद्धि दर्शाता है। यह बजट 974 करोड़ रुपए के अधिशेष (Surplus) वाला बजट है।
भारत की जीडीपी में गुजरात का योगदान 8.2 प्रतिशत है, साथ ही प्रति व्यक्ति वार्षिक आय 3 लाख रुपए से अधिक है, जो राष्ट्रीय औसत से करीब 60 प्रतिशत ज्यादा है। सरकार का दावा है कि यह बजट राज्य को विकास की नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा। राज्य के शिक्षा क्षेत्र को और अधिक मजबूत करने के लिए बजट में सबसे अधिक 63,184 करोड़ रुपए का भारी प्रावधान किया गया है।
इसके साथ ही विद्यार्थियों और पाठकों के लिए गांधीनगर में 100 करोड़ रुपए की लागत से देश की सबसे बड़ी और आधुनिक 'नमो सेंट्रल लाइब्रेरी' स्थापित करने की घोषणा की गई है, जो पूरी तरह से डिजिटल सुविधाओं से लैस होगी।
सरकारी नौकरी की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए इस बजट में बड़ी खुशखबरी दी गई है। विभिन्न विभागों में कुल 4,500 नए पद सृजित करने की घोषणा की गई है। इस निर्णय से आने वाले समय में बड़ी भर्तियों की संभावनाएं बढ़ गई हैं, जिससे रोजगार के अवसरों में बड़ा उछाल आएगा।
प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए राजस्व कार्यालयों में 1,546 नए पद बनाए जाएंगे। इसके अलावा, गृह विभाग के लिए 1,265 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है, जिसका उपयोग राज्य की सुरक्षा और प्रबंधन को अधिक आधुनिक बनाने के लिए किया जाएगा।
आदिवासी क्षेत्रों के विकास पर भी विशेष ध्यान दिया गया है। 'भगवान बिरसा मुंडा लाइब्रेरी योजना' के तहत इस वर्ष 15 नए तालुकों में लाइब्रेरी शुरू की जाएंगी, ताकि दूरदराज के क्षेत्रों के युवाओं को भी पढ़ाई के लिए उत्तम सुविधाएं मिल सकें।