Publish Date: Sat, 26 Sep 2026 (10:28 IST)
Updated Date: Sat, 26 Sep 2026 (10:45 IST)
भावनगर के झवेरचंद मेघाणी ऑडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल जब मंच से संबोधित कर रहे थे, तभी ऑडिटोरियम में एक बच्चा रोने लगा। कार्यक्रम में बाधा न पहुंचे, इसलिए पुलिसकर्मी बच्चे की मां को हॉल से बाहर ले जाने का प्रयास कर रहे थे। इस दौरान मुख्यमंत्री का ध्यान इस ओर गया। उन्होंने तुरंत अपना संबोधन रोका और पुलिसकर्मियों को माता-बच्चे को बाहर ले जाने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि बच्चा है, रोएगा ही; माता को हॉल में ही बैठने दें। बच्चे के रोने की आवाज आएगी, तो भी कोई बात नहीं।
भावनगर की स्वच्छता पर CM का मजेदार सवाल
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने भावनगर शहर की स्वच्छता की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि शहर में घूमते समय अच्छी सफाई देखने को मिली। हालांकि, सफाई कर्मचारियों की मौजूदगी में उन्होंने मजाकिया अंदाज में सवाल किया, ‘रोज ऐसी ही सफाई रहती है या आज मैं आने वाला था इसलिए खास सफाई की गई है?’ CM की इस टिप्पणी को सुनकर कार्यक्रम में मौजूद अधिकारियों, पदाधिकारियों और नागरिकों में फिर से ठहाके लगे। मुख्यमंत्री ने स्वच्छता को केवल नगर निगम या सफाई कर्मचारियों की जिम्मेदारी न मानकर इसे नागरिकों के संस्कारों से जोड़ने की बात कही।
भावनगर को 738.09 करोड़ के 79 विकास कार्यों की सौगात
प्राकृतिक खेती, स्वास्थ्य जागरूकता और ‘विकास भी, विरासत भी’ पर जोर
मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने अपने संबोधन में कम उम्र में हार्ट अटैक और डायबिटीज जैसी बीमारियों के बढ़ते खतरे का जिक्र किया। उन्होंने गाय आधारित प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने का आह्वान किया। केंद्रीय राज्य मंत्री निमुबेन बांभणिया ने अहमदाबाद-धोलेरा एक्सप्रेस-वे और भावनगर के लिए स्वीकृत 650 करोड़ के ब्रिज प्रोजेक्ट का उल्लेख करते हुए इसे शहर के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम में प्रभारी मंत्री कौशिक वेकरिया, विधायक, कलेक्टर डॉ. मनीष बंसल, नगर निगम आयुक्त डॉ. एन.के. मीणा सहित अधिकारी, पदाधिकारी और बड़ी संख्या में भावनगर के निवासी उपस्थित रहे।