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षटतिला एकादशी पर जानिए तिल दान के 10 फायदे

Webdunia
माघ मास (Magh Maas 2022) के कृष्ण पक्ष की एकादशी को षटतिला एकादशी (shattila ekadashi) कहते हैं। इस दिन तिल का उपयोग (Til) करना लाभदायी माना गया है। एकादशी का व्रत करने से मनुष्य के सभी पापों का नाश होता है। इस दिन तिल के तेल की मालिश करना चाहिए तथा तिल का उबटन लगाकर स्नान करने के पश्चात सूर्यदेव का पूजन करना चाहिए। मान्यतानुसार माघ मास में जितना तिलों का दान किया जाता हैं, हजारों साल तक स्वर्ग में रहने का अवसर प्राप्त होता है।

आइए जानें कैसे करें तिल का उपयोग और तिल दान के फायदे-
 
षटतिला एकादशी पर ऐसे करें तिल का उपयोग- 
इन दिन निम्न 6 प्रकार से तिल का उपयोग करना सर्वश्रेष्ठ माना गया है। 1. तिल स्नान। 2. तिल की उबटन। 3. तिलोदक। 4. तिल का हवन। 5. तिल का भोजन। 6. तिल का दान
 
माघ मास की (shattila ekadashi) षटतिला एकादशी व्रत में तिल के उपयोग का बहुत महत्व है। इस दिन दान करने से 10 फायदे मिलते हैं।
 
1. षटतिला एकादशी पर तिल (til) का दान करने से दुर्भाग्य, दरिद्रता तथा अनेक प्रकार के कष्ट से मुक्ति मिलती है। 
 
2. इस दिन लाल गाय को तिल, गुड़ व घास खिलाने का भी महत्व है। 
 
3. इस दिन तिल मिले जल से स्नान करने, तिल का उबटन लगाने, तिल मिला हुआ जल पीने, तिल के लड्‍डू खाने तथा तिल का दान करने से उक्त व्यक्ति के कायिक, वाचिक और मानसिक पाप नष्ट हो जाते हैं।
 
4. इस दिन वैदिक ब्राह्मणों को तांबे के कलश में तिल भर कर उस पर गुड़ रखकर दान देने का महत्व है। 
 
5. इस दिन सौभाग्यवती महिलाओं को सौभाग्य सामग्री के साथ-साथ तिल से बनी खाद्य सामग्री का दान करना चाहिए। इससे सुहाग की रक्षा होती है। 
 
6. षटतिला एकादशी के दिन गाय को तिल-गुड़ व घास खिलाने के पश्चात पानी पिलाने से पितृ प्रसन्न होकर जीवन के सभी सुखों का आशीर्वाद देते हैं। 
 
7. महाभारत के अनुसार जो मनुष्य माघ मास में तपस्वियों को तिल दान करता है, वह कभी नरक का दर्शन नहीं करता। 
 
8. षटतिला एकादशी के इस दिन तिल के साथ दक्षिणा भी दी जाती है। इस दिन तिल के लड्‌डू बनाते समय उसमें सिक्के रखकर तीर्थ स्थान में पुरोहितों को दान में दिए जाते हैं, इसे एक तरह का गुप्त दान कहा जाता है, जिससे सभी तरह के संकटों का नाश होकर शुभता आती है। 
 
9. षटतिला एकादशी पर काले तिल (black sesame) का दान करने से पितृ दोष, राहु-केतु और शनि के बुरे प्रभाव समाप्त हो जाते हैं।  
 
10. षट्तिला एकादशी व्रत के दिन तिल और अन्य चीजों का दान करने बड़े से बड़ा संकट टल जाता है, सभी कष्ट दूर होकर मृत्यु के पश्चात मोक्ष प्राप्त होता है।
 
Rk. 
 
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