Publish Date: Sat, 09 Nov 2024 (14:32 IST)
Updated Date: Sat, 09 Nov 2024 (14:35 IST)
Vivah ke upay: लाला रामस्वरूप कैलेंडर में तुलसी विवाह की तारीख देवउठनी एकादशी यानी 12 नवंबर 2024 मंगलवार की लिखी है जबकि काल निर्णय कैलेंडर में तुलसी विवाह की तारीख कार्तिक पूर्णिमा यानी 15 नवंबर 2024 बुधवार के दिन की लिखी है। तुलसी विवाह कार्तिक मास की द्वादशी तिथि के दिन यानी 13 तारीख को भी बताया जा रहा है। हमारे अनुसार 12 नवंबर 2024 मंगलवार के दिन शाम को गोधूलि मुहूर्त द्वादशी में तुलसी विवाह का योग बन रहा है। यदि आपके विवाह के योग नहीं बन पा रहे हैं तो देव उठनी ग्यारस पर आप मात्र एक ही उपाय करेगे तो शादी में आ रही अड़चने दूर होगी।
1. देव उठनी एकादशी व्रत रखने से बनते हैं विवाह के योग : देव उठनी एकादशी के दिन शालिग्रामजी का तुलसीजी के साथ विवाह कराया जाता है। इसके बाद से वैवाहिक कार्य प्रारंभ हो जाते हैं। इस दिन विधिवत व्रत रखने से विवाह में आ रही रुकावटें दूर होकर शादी के योग बनते हैं।
2. देव उठनी एकादशी पर करें शीघ्र विवाह के उपाय : आप चाहें तो इस दिन पीले या लाल वस्त्र पहनकर शालिग्रामजी को पंचामृत से स्नान कराएं और उन्हें चंदन लगाएं। इसके बाद उन्हें पीले आसन पर विराजमान करें और उन्हें अपने हाथों से तुलसी अर्पित करें और उनसे अपने विवाह की मनोकामना बोलें। वे प्रसन्न होकर शीघ्र विवाह के योग बनाएंगे।
3. देव उठनी एकादशी पर हल्दी से बनाएं स्वास्तिक तो होगा विवाह: एकादशी के दिन घर के उत्तर या ईशान दिशा की दीवार पर हल्दी से स्वस्तिक बनाएं और उसर थोड़े से चावल रखें। वैवाहिक जीवन की कठिनाइयों को दूर करने के लिए पूजा करते समय हल्दी से स्वस्तिक बनाना चाहिए। सभी प्रकार की सामान्य पूजा या हवन में कुमकुम या रोली से स्वस्तिक बनाया जाता है।