Hanuman Chalisa

Select Your Language

Notifications

webdunia
webdunia
webdunia
webdunia

भारत के महानतम प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि

Advertiesment
हमें फॉलो करें Atal Bihari Vajpayee biography

WD Feature Desk

, शनिवार, 16 अगस्त 2025 (10:42 IST)
Atal Bihari Vajpayee death date: आज, 16 अगस्त, भारत के पूर्व प्रधानमंत्री और एक महान राजनेता अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि है। उनका निधन 16 अगस्त 2018 को हुआ था। वे भारतीय राजनीति के उन चुनिंदा नेताओं में से एक थे, जिन्हें उनके विरोधी भी सम्मान देते थे। वे भारतीय राजनीति के एक ऊंचे शिखर थे, वे एक ओजस्वी वक्ता, प्रखर राष्ट्रवादी और सर्वमान्य नेता।ALSO READ: Delhi airport बना दुनिया का सबसे 9वां सबसे व्यस्त एयरपोर्ट, अटलांटा हवाई अड्डा शीर्ष स्थान पर
 
एक कवि-हृदय राजनेता: अटल बिहारी वाजपेयी का जन्म 25 दिसंबर 1924 को ग्वालियर में हुआ था। उनके पिता कृष्ण बिहारी वाजपेयी एक शिक्षक और कवि थे, जिसका प्रभाव अटल जी के जीवन पर भी पड़ा। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा ग्वालियर के विक्टोरिया कॉलेज (अब लक्ष्मीबाई कॉलेज) से पूरी की और इसके बाद कानपुर के डी.ए.वी. कॉलेज से राजनीति विज्ञान में एम.ए. की डिग्री हासिल की। छात्र जीवन से ही वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े और भारत छोड़ो आंदोलन में भी भाग लिया। उन्होंने न सिर्फ राजनीति में अपनी अलग पहचान बनाई, बल्कि एक कवि और पत्रकार के रूप में भी खूब ख्याति अर्जित की। 
 
उनकी कविताएं, जैसे 'हार नहीं मानूंगा, रार नहीं ठानूंगा' आज भी लोगों को प्रेरणा देती हैं। उन्हें 2015 में भारत के सर्वोच्च नागरिक सम्मान भारत रत्न से सम्मानित किया गया।
 
प्रधानमंत्री के रूप में प्रमुख योगदान: अटल जी ने तीन बार भारत के प्रधानमंत्री के रूप में देश की कमान संभाली। उनका सबसे सफल कार्यकाल 1999 से 2004 तक रहा, जिसमें उन्होंने कई ऐतिहासिक फैसले लिए:
 
• पोखरण-II परमाणु परीक्षण (1998): प्रधानमंत्री बनने के कुछ ही महीनों बाद, उन्होंने पोखरण में परमाणु परीक्षण कराने का साहसी निर्णय लिया। इस कदम ने भारत को परमाणु शक्ति संपन्न राष्ट्रों की सूची में शामिल कर दिया, जिससे भारत की वैश्विक छवि और भी मजबूत हुई।
 
• कारगिल युद्ध (1999): उनके नेतृत्व में भारतीय सेना ने कारगिल युद्ध में पाकिस्तान को करारी शिकस्त दी और देश की संप्रभुता की रक्षा की।
 
• स्वर्णिम चतुर्भुज परियोजना: उन्होंने देश के चार महानगरों- दिल्ली, मुंबई, चेन्नई और कोलकाता को जोड़ने वाली स्वर्णिम चतुर्भुज राजमार्ग परियोजना की शुरुआत की, जिसने देश के इंफ्रास्ट्रक्चर को एक नई दिशा दी।
 
• सर्व शिक्षा अभियान: वाजपेयी सरकार ने 6 से 14 वर्ष की आयु के सभी बच्चों को मुफ्त शिक्षा देने के लिए सर्व शिक्षा अभियान की शुरुआत की, जो शिक्षा के क्षेत्र में एक क्रांतिकारी कदम था।
 
निधन: अटल बिहारी वाजपेयी को उनकी सादगी, ईमानदारी और राजनीतिक शुचिता के लिए हमेशा याद किया जाएगा। उनका निधन भारतीय राजनीति में एक युग का अंत था, लेकिन उनकी विरासत हमेशा देश को आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती रहेगी। अटल बिहारी वाजपेयीजी का निधन 16 अगस्त 2018 को हुआ। उनकी पुण्यतिथि पर उन्हें पूरे देश में श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है।
 
अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।ALSO READ: जब अटल बिहारी वाजपेयी ने लोकसभा में कहा था, मैं अमेरिका के दबाव में नहीं झुका

Share this Story:

Follow Webdunia Hindi

अगला लेख

कृष्ण: अनंत अपरिभाषा