shiv chalisa

Corona से जंग, भारत ने बढ़ाई चीन की चिंता

Webdunia
मंगलवार, 28 अप्रैल 2020 (17:06 IST)
नई दिल्ली। चीन ने मंगलवार को कहा कि वह दो चीनी कंपनियों की ओर से मुहैया कराई गई कोविड-19 त्वरित जांच किट के आकलन के परिणाम और भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) द्वारा इनका उपयोग नहीं किए जाने के फैसले से 'बेहद चिंतित' है। उसने उम्मीद जताई कि भारत 'तार्किक एवं उचित ढंग' से इस मुद्दे को सुलझाएगा।
 
आईसीएमआर ने सोमवार को राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों से चीनी कंपनियों- गुआंगझू वोंडफो बायोटेक और झुहाई लिवजोन डायग्नोस्टिक से खरीदी गई कोविड-19 त्वरित जांच किट का इस्तेमाल बंद करने को कहा क्योंकि इनके परिणामों में ‘बड़ा अंतर' देखने को मिल रहा था।
 
चीनी दूतावास की प्रवक्ता जी रोंग ने कहा कि हम आकलन के परिणामों और आईसीएमआर के फैसले से बेहद चिंतित हैं। चीन निर्यात किए गए चिकित्सा उपकरणों की गुणवत्ता को बहुत महत्व देता है। एक बयान में उन्होंने यह भी कहा कि कुछ लोगों द्वारा चीनी उत्पादों को ‘खराब’ बताना और मुद्दों को पूर्वाग्रह के साथ देखना अनुचित एवं गैर जिम्मेदाराना है। हालांकि, उन्होंने यह साफ नहीं किया कि वह किन व्यक्तियों की बात कर रहीं थीं।
 
प्रवक्ता ने यह भी कहा कि चीन वैश्विक महामारी के खिलाफ जंग में भारत का समर्थन करता है और दोनों देश के 
लोगों को संक्रमण से जल्द से जल्द उबारने के लिए नई दिल्ली के साथ संयुक्त रूप से काम करेगा।
 
भारत ने करीब दो हफ्ते पहले चीनी कंपनियों से करीब 5 लाख त्वरित एंटीबॉडी जांच किट खरीदी थीं और उन्हें उन राज्यों को वितरित किया गया था, जहां कोरोना वायरस संक्रमण के मामले तेजी से बढ़ रहे थे।

एक पत्र में, आईसीएमआर ने राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों से ये किट केंद्र सरकार को वापस करने को कहा है ताकि इन्हें कंपनियों को लौटाया जा सके। सरकार ने कहा कि इसमें एक भी पैसे का नुकसान नहीं हुआ क्योंकि किट की आपूर्ति करने वाली कंपनियों को कोई भुगतान नहीं किया गया था।
 
सरकार ने कहा कि उपकरणों के सही ढंग से प्रदर्शन न करने के बाद इन दो चीनी कंपनियों से किट की खरीद रद्द कर दी गई है।
 
अपने बयान में रोंग ने कहा कि चीनी दूतावास 'सही स्थिति' जानने के लिए आईसीएमआर और दोनों चीनी कंपनियों के करीबी संपर्क में है। साथ ही उन्होंने कहा कि चीन न सिर्फ कोविड-19 के खिलाफ जंग में भारत का इमानदारी से समर्थन कर रहा है बल्कि उसकी मदद के लिए ठोस कदम भी उठा रहा है।
 
जी रोंग ने कहा कि इन दो चीनी कंपनियों द्वारा निर्मित कोविड-19 एंटीबॉडी त्वरित जांच किट को यूरोप, एशिया और लातिन अमेरिका के कई देशों में निर्यात किया गया है और इन्हें स्वीकृत भी किया गया है।
 
उन्होंने कहा कि हमें यह भी पता चला है कि कोविड-19 एंटीबॉडी त्वरित जांच किट के संचयन, परिवहन एवं प्रयोग की सख्त शर्तें हैं। उत्पाद में उल्लेखित निर्देशों के अनुरूप पेशेवरों द्वारा कोई भी काम नहीं किए जाने पर जांच परिणामों में भिन्नता आ सकती है।
 
चीनी दूतावास की प्रवक्ता ने उम्मीद जताई कि भारत, चीन के सद्भाव और निष्ठा का सम्मान करेगा, तथ्यों के आधार पर संबंधित चीनी कंपनियों से समय पर संवाद को मजबूत करेगा और तार्किक एवं उचित ढंग से इसे सुलझाएगा।
 
जी रोंग ने कहा कि वायरस मानवता का साझा दुश्मन है। केवल साथ काम कर हम इस वैश्विक महामारी के खिलाफ जंग जीत जाएंगे। भारत में महामारी की स्थिति के बाद चीन भी वही महसूस कर रहा है, उसने महामारी नियंत्रण, बचाव एवं इलाज संबंधी अपनी सूचनाएं साझा कीं और भारत को चिकित्सीय उपकरण दान में दिए। प्रवक्ता ने कहा कि चीन और भारत ने कोविड-19 प्रकोप के बाद से करीबी संवाद एवं सहयोग बरकरार रखा है। (भाषा)

सम्बंधित जानकारी

Show comments

जरूर पढ़ें

ईरान-इजराइल संकट, PM मोदी ने 48 घंटों में 8 देशों के प्रमुखों से की बात, किन मुद्दों पर हुई चर्चा

हरियाणा में होली पर शर्मनाक हरकत, हुड़दंगियों ने भैंस को पिलाई शराब, वायरल वीडियो पर भड़के पशुप्रेमी

Iran Attack On Gulf Countries : सऊदी अरब, UAE, कतर और बहरीन पर मिसाइलों और ड्रोनों की बरसात, गल्फ देश क्यों बने हुए हैं ईरान के दुश्मन

खामेनेई की हत्या पर 'चुप्पी' को लेकर बरसे सोनिया-राहुल, क्या PM मोदी हत्या का समर्थन करते हैं?', संसद में चर्चा की मांग

भारत के पास LPG, LNG की कमी नहीं, आखिर क्या है भारत का प्लान B

सभी देखें

नवीनतम

कौन हैं मोजतबा खामेनेई, जो अयातुल्ला अली खामेनेई के बाद बने ईरान के सर्वोच्च नेता

क्या इजराइल के दबाव में अमेरिका ने ईरान पर किया हमला, डोनाल्ड ट्रंप ने किया अगले प्लान का खुलासा

Assam Election 2026 : कांग्रेस की पहली सूची में बड़े नामों पर दांव, 42 सीटों के लिए उम्मीदवारों का ऐलान

योगी सरकार की अनूठी पहल, गोबर की राख और फूलों से बनी होली, यूपी की महिलाओं को मिला बंपर रोजगार

UP में खेती बनी मुनाफे का सौदा, 156 एग्री स्टार्टअप्स बदल रहे किसानों की तकदीर, ऐसे बढ़ रही कमाई

अगला लेख