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गुड फ्राइडे क्यों मनाया जाता है, यहां जानिए

अनिरुद्ध जोशी
इस बार 15 अप्रैल को गुड फ्रायडे और 17 अप्रैल 2022 को ईस्टर संडे मनाया जाएगा। रविवार को यीशु ने येरुशलम में प्रवेश किया था। ज्यादातर विद्वानों के अनुसार सन 29 ई. को प्रभु ईसा गधे पर चढ़कर यरुशलम पहुंचे थे और लोगों ने खजूर की डालियां बताकर उनका स्वागत किया था इसीलिए इस दिन को 'पाम संडे' कहते हैं। यहीं यरुशलम या जेरूसलम में उनके खिलाफ षड़यंत्र रचा गया और उन्हें शुक्रवार को सूली पर लटका दिया गया। सूली पर लटाने की इस घटना को 'गुड फ्रायडे' कहते हैं। रविवार के दिन सिर्फ एक स्त्री मेरी मेग्दलेन ने उन्हें उनकी कब्र के पास जीवित देखा। जीवित देखे जाने की इस घटना को 'ईस्टर संडे' के रूप में मनाया जाता है।
 
ईसाइयों की पवित्र पुस्तक बाइबिल- यूहन्ना- 18, 19 में इस घटना का विस्तार से विवरण मिलता है।
 
1. ईसा मसीह को जिस जगह पर सूली चढ़ाया गया था उस स्थान को गोलगोथा नाम से जाना जाता है। यह जगह इसराइल की राजधानी यरुशलम में ईसाई क्षेत्र में है।
 
2. इस जगह को ही हिल ऑफ़ द केलवेरी कहा जाता है। इस स्थान पर चर्च ऑफ फ्लेजिलेशन है।
 
3. होली स्कल्प्चर से चर्च ऑफ फ्लेजिलेशन तक के मार्ग को दुख या पीड़ा का मार्ग माना जाता है।
 
4. यात्रा के दौरान 9 ऐतिहासिक और पवि‍त्र स्थल हैं। चर्च ऑफ फ्लेजिलेशन को वह स्थान माना जाता है, जहां सार्वजनिक रूप से यीशु की निंदा हुई और उन्हें गोलगोथा की पहाड़ी पर क्रॉस पर चढ़ा दिया गया।

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