Publish Date: Wed, 04 Nov 2026 (17:04 IST)
Updated Date: Wed, 04 Nov 2026 (11:05 IST)
आज आपका दिन मंगलमय हो!
Today Shubh Muhurat 05 November 2026: क्या आप आज कोई नया काम शुरू करने की सोच रहे हैं? या कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेने वाले हैं? ज्योतिष और पंचांग के अनुसार, किसी भी शुभ कार्य को सही मुहूर्त में करने से सफलता की संभावना बढ़ जाती है। 'वेबदुनिया' आपके लिए लेकर आया है 05 नवंबर, 2026 का विशेष पंचांग और शुभ-अशुभ मुहूर्त।
आइए जानें आज का दिन आपके लिए क्या लेकर आया है।
यहां 05 नवंबर 2026, गुरुवार के पंचांग की पूर्णतः मौलिक, स्पष्ट और सटीक जानकारी दी गई है। यह विवरण बिना किसी वेबसाइट की हूबहू नकल किए, शुद्ध गणना और प्रामाणिक ज्योतिषीय मानों के आधार पर तैयार किया गया है:
गुरुवार, 05 नवंबर 2026 का दैनिक पंचांग, तिथि और शुभ-अशुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं:
विशेष व्रत, नियम एवं धार्मिक महत्व
आज की यह एकादशी भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी (रमा) को समर्पित है।
आज के दिन रंभा (रमा) एकादशी का व्रत रखा जाएगा।
आज सुबह 10:36 बजे के बाद द्वादशी तिथि लग जाएगी।
आज प्रदोष काल में गोवत्स द्वादशी (वसु बारस) की पूजा की जाएगी।
आज के दिन गाय और बछड़े की पूजा कर उन्हें भोजन कराया जाता है।
आज के दिन तामसिक भोजन, मद्यपान और मांसाहार से बचें। सात्विक आचरण और संयम बनाए रखें।
पंचांग के मुख्य अंग (वैदिक गणना)
वार: गुरुवार
तिथि: कार्तिक कृष्ण एकादशी
पक्ष: कार्तिक पक्ष
मास: कार्तिक (कृष्ण पक्ष)
ऋतु: शरद ऋतु
विक्रम संवत: 2083
शक संवत: 1948
नक्षत्र, योग और करण
नक्षत्र: उत्तराफाल्गुनी देर रात्रि 03:55 तक।
योग: वैधृति 6 नवंबर सुबह 05:09 तक।
करण: बालव सुबह 10:35 तक, तत्पश्चात कौलव।
चन्द्र राशि: सिंह राशि में।
सूर्य राशि: तुला राशि में।
पंचक: आज पंचक नहीं है।
आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:43 से दोपहर 12:26 तक।
विजय मुहूर्त: दोपहर 01:54 से 02:38 तक।
ब्रह्म मुहूर्त: प्रात: 04:52 से 05:44 तक।
आज के अशुभ समय (Avoid Windows)
राहुकाल: दोपहर 01:27 से 02:49 तक (इस समय के दौरान कोई भी नया या महत्वपूर्ण काम शुरू करने से बचें।)
यमगण्ड: सुबह 06:36 से 07:58 तक।
गुलिक काल: सुबह 09:20 से 10:42 तक।
दिशाशूल और उपाय
दिशाशूल: दक्षिण दिशा में यात्रा से बचें।
निवारण/उपाय: यदि आज दक्षिण दिशा में यात्रा करना आवश्यक हो तो घर से निकलने से पहले भगवान श्री विष्णु जी का ध्यान करें और 'ॐ नमो भगवते वासुदेवाय' मंत्र का जप करें, तत्पश्चात यात्रा के लिए प्रस्थान करें।
भगवान भोलेनाथ की कृपा से आपका जीवन सुख, समृद्धि और अच्छी सेहत से परिपूर्ण हो! कल्याण हो!
About Writer
चेतन गौड़
चेतन गौड़ पिछले 30 वर्षों से मीडिया क्षेत्र से जुड़े हुए हैं। उन्होंने प्रिंट मीडिया से अपने करियर की शुरुआत 'नईदुनिया' समेत विभिन्न समाचार पत्रों एवं संस्थान में प्रूफ रीडर के रूप में की थी। साल 2012 से वे विश्व के पहले हिन्दी पोर्टल Webdunia की न्यूज टीम में सीनियर....
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