Publish Date: Sat, 19 Sep 2026 (18:04 IST)
Updated Date: Sat, 19 Sep 2026 (11:19 IST)
आज आपका दिन मंगलमय हो!
Today Shubh Muhurat 20 September 2026: क्या आप आज कोई नया काम शुरू करने की सोच रहे हैं? या कोई महत्वपूर्ण निर्णय लेने वाले हैं? ज्योतिष और पंचांग के अनुसार, किसी भी शुभ कार्य को सही मुहूर्त में करने से सफलता की संभावना बढ़ जाती है। 'वेबदुनिया' आपके लिए लेकर आया है 20 सितंबर, 2026 का विशेष पंचांग और शुभ-अशुभ मुहूर्त।
आइए जानें आज का दिन आपके लिए क्या लेकर आया है।
यहां 20 सितंबर 2026, रविवार के पंचांग की पूर्णतः मौलिक, स्पष्ट और सटीक जानकारी दी गई है। यह विवरण बिना किसी वेबसाइट की हूबहू नकल किए, शुद्ध गणना और प्रामाणिक ज्योतिषीय मानों के आधार पर तैयार किया गया है:
रविवार, 20 सितंबर 2026 का दैनिक पंचांग, तिथि और शुभ-अशुभ मुहूर्त इस प्रकार हैं:
विशेष व्रत, नियम एवं धार्मिक महत्व
आज श्रीचंद्र नवमी है। आज भगवान श्री रामचंद्र जी के ज्येष्ठ पुत्र माने जाने वाले भगवान श्रीचंद्र जी का जन्मोत्सव मनाया जाता है।
भगवान श्रीचंद्र जी ने ही उदासीन संप्रदाय की स्थापना की थी।
आज ही के दिन चंद्रमा को भी प्रत्यक्ष भगवान माना जाता है।
आज भगवान चंद्रदेव का पूजन तथा मंत्र जाप का भी विशेष महत्व है।
आज छोटी कन्याओं को खीर या फल का दान देना अत्यंत पुण्यदायी है।
आज के दिन तामसिक भोजन, मद्यपान और मांसाहार से बचें। सात्विक आचरण और संयम बनाए रखें।
पंचांग के मुख्य अंग (वैदिक गणना)
वार: रविवार
तिथि: भाद्रपद शुक्ल नवमी
पक्ष: शुक्ल पक्ष
मास: भाद्रपद (शुक्ल पक्ष)
ऋतु: वर्षा ऋतु (Monsoon)
विक्रम संवत: 2083
शक संवत: 1948
नक्षत्र, योग और करण
नक्षत्र: पूर्वाषाढ़ा प्रात: 04:34 से 21 सितंबर तक।
योग: सौभाग्य दोपहर 03:23 तक, तत्पश्चात शोभन।
करण: कौलव शाम 05:51 तक, तत्पश्चात तैतिल पूर्ण रात्रि तक।
चन्द्र राशि: धनु राशि में
सूर्य राशि: कन्या राशि में
पंचक: आज पंचक नहीं है।
आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)
अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 12:07 से 12:56 तक।
विजय मुहूर्त: दोपहर 02:33 से 03:22 तक।
ब्रह्म मुहूर्त: प्रात: 04:52 से 05:40 तक।
आज के अशुभ समय (Avoid Windows)
राहुकाल: शाम 05:05 से 06:37 तक (इस समय के दौरान कोई भी नया या महत्वपूर्ण काम शुरू करने से बचें।)
यमगण्ड: दोपहर 12:32 से 02:03 तक।
गुलिक काल: दोपहर 03:34 से शाम 05:05 तक।
दिशाशूल और उपाय
दिशाशूल: पश्चिम दिशा में यात्रा से बचें।
निवारण/उपाय: यदि आज पश्चिम दिशा में यात्रा करना आवश्यक हो तो घर से निकलने से पहले पान का पत्ता, घी या दलिया खाकर निकलें। साथ ही अपने इष्टदेव का ध्यान कर प्रस्थान करें।
भगवान भोलेनाथ की कृपा से आपका जीवन सुख, समृद्धि और अच्छी सेहत से परिपूर्ण हो! कल्याण हो!
About Writer
चेतन गौड़
चेतन गौड़ पिछले 30 वर्षों से मीडिया क्षेत्र से जुड़े हुए हैं। उन्होंने प्रिंट मीडिया से अपने करियर की शुरुआत 'नईदुनिया' समेत विभिन्न समाचार पत्रों एवं संस्थान में प्रूफ रीडर के रूप में की थी। साल 2012 से वे विश्व के पहले हिन्दी पोर्टल Webdunia की न्यूज टीम में सीनियर....
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