Hanuman Chalisa

इस राशि के व्यक्ति को हो सकते हैं यह रोग

Webdunia
ज्योतिष शास्त्र के ग्रंथों में कालरूपी पुरुष के शरीर के विविध अंगों में मेष से लेकर मीन तक बारह राशियों की स्थापना की गई है जिसके आधार पर उसके अंग रोगग्रस्त या स्वस्थ हैं, यह जाना जा सकता है।

ज्योतिष शास्त्र की मान्यता के अनुसार मेष राशि- सिर, वृष- मुख, मिथुन- भुजा, कर्क- हृदय, सिंह- पेट, कन्या- कमर, तुला- वस्ति, वृश्चिक- गुप्तांग, धनु- उरू, मकर- घुटने, कुम्भ- जंघा तथा मीन राशि पैरों का प्रतिनिधित्व करती है।
 
12 राशियां स्वभावत: जिन-जिन रोगों को उत्पन्न करती हैं, वे इस प्रकार हैं-
 
मेष- नेत्ररोग, मुख रोग, सिरदर्द, मानसिक तनाव तथा अनिद्रा।
 
वृष- गले एवं श्वास नली के रोग, आंख, नाक एवं गले के रोग।
 
मिथुन- रक्तविकार, श्वास, फुफ्फुस रोग।
 
कर्क- हृदयरोग तथा रक्तविकार।
 
सिंह- पेटरोग तथा वायु विकार।
 
कन्या- आमाशय के विकार, अपच, जिगर और कमर दर्द।
 
तुला- मूत्राशय के रोग, मधुमेह, प्रदर एवं बहुमूत्र।
 
वृश्चिक- गुप्त रोग, भगन्दर, संसर्गजन्य रोग।
 
धनु-  मज्जा रोग, रक्तदोष, अस्थिभंग।
 
मकर- वातरोग, चर्मरोग, शीतरोग, रक्तचाप।
 
कुंभ- मा‍नसिक रोग, ऐंठन, गर्मी, जलोदर।
 
मीन- एलर्जी, गठिया, चर्मरोग एवं रक्तविकार।

ALSO READ: गुप्त नवरात्रि में राशि अनुसार करें इन पवित्र मंत्रों का जाप

अचानक बदलने वाली है इन 5 राशियों की तकदीर, ग्रहों का बड़ा संकेत

नास्त्रेदमस को टक्कर देते भारत के 7 भविष्यवक्ता, जानें चौंकाने वाली भविष्यवाणियां

लिंगायत समाज के संस्थापक बसवेश्वर महाराज के बारे में 6 रोचक बातें

मांगलिक दोष और वैवाहिक जीवन: क्या वाकई यह डरावना है या सिर्फ एक भ्रांति?

करियर का चुनाव और कुंडली का दसवां भाव: ग्रहों के अनुसार चुनें सही कार्यक्षेत्र

26 April Birthday: आपको 26 अप्रैल, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 26 अप्रैल 2026: रविवार का पंचांग और शुभ समय

शनिदेव की कृपा के ये गुप्त संकेत पहचानें, जीवन में आएंगे बड़े बदलाव

Mohini Ekadashi: मोहिनी एकादशी का अद्भुत महत्व: 5 बातें जो आपको जरूर जाननी चाहिए

Vaishakh Purnima 2026: वैशाख पूर्णिमा पर करें ये 5 उपाय, सभी देवताओं का मिलेगा आशीर्वाद

अगला लेख