Publish Date: Friday, 30 January 2026 (17:42 IST)
Updated Date: Friday, 30 January 2026 (01:44 IST)
रक्षाबंधन का त्योहार प्रत्येक वर्ष श्रावण माह की पूर्णिमा को मनाया जाता है। इस वर्ष पूर्णिमा 26 अगस्त 2018, रविवार के दिन पड़ रही है। 25 अगस्त को दोपहर 3 बजकर 16 मिनिट से सावन पूर्णिमा तिथि शुरू हो जाएगी, जो 26 अगस्त की शाम 5 बजकर 25 मिनिट तक रहेगी।
बहन-भाई के इस पवित्र प्रेमपूर्ण त्योहार को मनाते समय इन बातों पर अवश्य ध्यान दें।
1. राखी बांधने का शुभ मुहूर्त अवश्य देखें। शास्त्रों में हर शुभ काम के लिए एक शुभ मुहूर्त का निर्धारण किया गया है। मान्यता है कि भाई की दीर्घायु और खुशियों की कामना एक शुभ मुहूर्त में की जाए तो सारे कष्ट दूर होते हैं।
2. इस बार रक्षाबंधन पर धनिष्ठा नक्षत्र रहेगा।
3. शुभ मुहूर्त 26 अगस्त को सुबह 5.59 से दोपहर 3.37 बजे तक रहेगा।
4. राखी बांधने का यह समय अशुभ रहेगा :-
राहु काल- सायं 4:30 से 6:00 बजे तक, यम घंटा- दोपहर 3.38 से 5.13 बजे तक।
5. राखी बांधते हुए इस मंत्र का उच्चारण करें, इससे भाई दीर्घायु होता है : -
'येन बद्धो बलिराजा, दानवेन्द्रो महाबलः तेनत्वाम प्रति बद्धनामि रक्षे, माचल-माचलः'
या
ॐ यदाबध्नन्दाक्षायणा हिरण्यं, शतानीकाय सुमनस्यमाना:।
तन्मस्आबध्नामि शतशारदाय, आयुष्मांजरदृष्टिर्यथासम्।।
6. भद्राकाल में राखी बांधना शुभ नहीं माना जाता है, परंतु इस वर्ष रक्षाबंधन पर भद्रा का साया नहीं रहेगा, भद्राकाल सूर्य उदय होने से पहले ही समाप्त हो जाएगा।
7. 37 वर्ष बाद रक्षाबंधन पर भद्रा का साया नहीं रहेगा। अतएव उपरोक्त बातों के आधार पर इस त्योहार को उल्लासपूर्वक मनाएं।